रांची, 07 जून — झारखंड के फिल्म जगत के लिए गर्व की बात है कि नौरस फिल्म प्रोडक्शन के बैनर तले निर्मित शॉर्ट फिल्म ‘नो मोर वॉर’ का चयन प्रतिष्ठित Vivekananda International Film Festival और Sri Lanka International Film Festival के लिए किया गया है। इस उपलब्धि ने राज्य की रचनात्मक प्रतिभाओं को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाई है।
21 जून को कोलकाता में होगा प्रदर्शन
फिल्म के लेखक और निर्देशक Amit Akshat ने बताया कि विवेकानंद इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल के तहत फिल्म का प्रदर्शन 21 जून को कोलकाता के Science City में आयोजित समारोह के दौरान किया जाएगा। उन्होंने कहा कि किसी भी फिल्मकार के लिए अंतरराष्ट्रीय फिल्म महोत्सव में अपनी कृति का चयन होना बड़ी उपलब्धि होती है।
शांति और मानवता का संदेश
अमित अक्षत के अनुसार, ‘नो मोर वॉर’ का मुख्य उद्देश्य युद्ध, हिंसा और संघर्ष की मानसिकता के खिलाफ शांति, प्रेम और मानवता का संदेश देना है। उनका मानना है कि वर्तमान वैश्विक परिस्थितियों में यह विषय और भी अधिक प्रासंगिक हो गया है।
10 वर्षीय बालक की संवेदनशील कहानी
फिल्म की कहानी 10 वर्षीय बालक शुभ के इर्द-गिर्द घूमती है। अपने जन्मदिन के अवसर पर वह समाचारों में युद्ध और मानवीय त्रासदी के दृश्य देखकर विचलित हो जाता है। जब उसके पिता उसे उपहार में एक खिलौना बंदूक देते हैं, तो वह उसे स्वीकार करने से इनकार कर देता है। यही घटना फिल्म के केंद्रीय संदेश को प्रभावशाली ढंग से सामने लाती है कि मानव जीवन का उद्देश्य युद्ध नहीं, बल्कि प्रेम, भाईचारा और शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व है।
हिंसा के प्रभाव पर सवाल उठाती है फिल्म
सरल लेकिन प्रभावशाली कथानक के माध्यम से फिल्म दर्शकों को यह सोचने पर मजबूर करती है कि युद्ध और हिंसा का सबसे गहरा असर आने वाली पीढ़ियों पर पड़ता है। फिल्म शांति और मानवीय मूल्यों की वकालत करती है।
कलाकारों और तकनीकी टीम का योगदान
फिल्म में श्रेष्ठ, मनोज सहाय, मेहुल प्रसाद, संदिपिका रॉय और अवनीश भारद्वाज ने महत्वपूर्ण भूमिकाएं निभाई हैं। कलाकारों के सशक्त अभिनय ने कहानी को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया है। वहीं नीरज और सुमित की सिनेमैटोग्राफी ने फिल्म के दृश्य पक्ष को मजबूती प्रदान की है। सचिन महली ने संगीत और संपादन की जिम्मेदारी संभाली है, जिससे फिल्म तकनीकी रूप से और अधिक प्रभावशाली बन सकी है।
झारखंड के फिल्म उद्योग को नई ऊर्जा
फिल्म के अंतरराष्ट्रीय फिल्म समारोहों में चयन को झारखंड के स्वतंत्र फिल्म निर्माण क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है। फिल्म जगत से जुड़े लोगों का मानना है कि इस तरह की सफलताएं राज्य की रचनात्मक प्रतिभाओं को वैश्विक मंच तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।






