पटना। बिहार सरकार की मंत्रिपरिषद की बैठक बुधवार को मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में संपन्न हुई। बैठक में राज्य के विकास, उद्योग, आधारभूत संरचना, सुरक्षा, खेल और तकनीकी शिक्षा से जुड़े कुल 13 महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दी गई।
बैठक के बाद मंत्रिमंडल सचिवालय विभाग के अपर मुख्य सचिव अरविंद कुमार चौधरी ने पत्रकारों को फैसलों की जानकारी दी।
उद्योग क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए वित्तीय प्रोत्साहन
उद्योग विभाग के तहत मेसर्स पटेल वेयरहाउसिंग प्राइवेट लिमिटेड, अरावन (नालंदा) और मेसर्स ईएसई एनर्जी प्राइवेट लिमिटेड, कुदरा (कैमूर) को बिहार औद्योगिक निवेश प्रोत्साहन नियमावली-2016 के तहत वित्तीय प्रोत्साहन क्लीयरेंस की स्वीकृति दी गई।
गया में जलाशय निर्माण के लिए 428 करोड़ मंजूर
जल संसाधन विभाग के अंतर्गत गयाजी जिले के डोभी प्रखंड में आईएमसी, गया के लिए जल उपलब्धता सुनिश्चित करने को लेकर जलाशय निर्माण एवं अन्य जरूरी कार्यों हेतु 428.08 करोड़ रुपये की प्रशासनिक एवं व्यय स्वीकृति प्रदान की गई।
ग्रामीण निकायों के लिए 747 करोड़ रुपये की स्वीकृति
पंचायती राज विभाग के प्रस्ताव के तहत वित्तीय वर्ष 2026-27 में 15वें वित्त आयोग की अनुशंसा के आलोक में ग्रामीण स्थानीय निकायों को स्वास्थ्य क्षेत्र अनुदान मद की राशि जारी करने के लिए बिहार आकस्मिकता निधि से 747.97 करोड़ रुपये की अग्रिम स्वीकृति दी गई।
वित्त आयोग की अवधि बढ़ाई गई
वित्त विभाग के अंतर्गत षष्ठम राज्य वित्त आयोग की अनुशंसा अवधि को वित्तीय वर्ष 2026-27 तक विस्तारित करने का निर्णय लिया गया।
विज्ञान एवं तकनीकी शिक्षा विभाग में नए पदों का सृजन
विज्ञान, प्रावैधिकी एवं तकनीकी शिक्षा department के तहत बिहार विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद, पटना तथा उसके अधीनस्थ कार्यालयों में पूर्व स्वीकृत 94 पदों में से 87 पदों को प्रत्यर्पित करने और 53 अतिरिक्त पदों के सृजन को मंजूरी दी गई।
इसके साथ ही तकनीकी और विशेषज्ञ सेवाओं के लिए “यंग प्रोफेशनल चयन नीति-2026” को भी स्वीकृति प्रदान की गई।
सीमा सुरक्षा और आसूचना तंत्र होगा मजबूत
गृह विभाग (आरक्षी शाखा) के अंतर्गत राज्य की अंतरराष्ट्रीय और अंतरराज्यीय सीमाओं की सुरक्षा मजबूत करने तथा आसूचना तंत्र को विकसित करने के उद्देश्य से विशेष शाखा में पुलिस महानिरीक्षक (सीमा) के एक नए पद के सृजन को मंजूरी दी गई।
इसके अलावा वामपंथी उग्रवाद पर नियंत्रण और खुफिया तंत्र को मजबूत करने के लिए विशेष कार्य बल में विशिष्ट दक्षता रखने वाले 50 पुलिसकर्मियों को अधिकतम 15 वर्षों तक प्रतिनियुक्ति पर रखने की स्वीकृति भी दी गई।
अरवल, औरंगाबाद और सहरसा में बनेंगे स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स
राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के अंतर्गत अरवल, औरंगाबाद और सहरसा जिलों में स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स एवं आउटडोर स्टेडियम निर्माण के लिए विभिन्न भूखंडों को खेल विभाग को निःशुल्क स्थायी अंतर्विभागीय हस्तांतरण की मंजूरी दी गई।
सरकार का उद्देश्य राज्य में खेल आधारभूत संरचना को मजबूत करना है।
गया से बैंकॉक के लिए शुरू होगी सीधी उड़ान
सिविल विमानन विभाग के प्रस्ताव के तहत बिहार में अंतरराष्ट्रीय हवाई संपर्क बढ़ाने की नीति के अंतर्गत गया-बैंकॉक मार्ग पर नॉन-स्टॉप उड़ान सेवा शुरू करने के लिए इंटरग्लोब एविएशन लिमिटेड (इंडिगो एयरलाइंस) की एकल निविदा को मंजूरी दी गई।
इस परियोजना के लिए अधिकतम 12 माह तक व्यवहार्यता अंतर वित्तपोषण के रूप में 10.40 करोड़ रुपये की प्रशासनिक एवं व्यय स्वीकृति भी प्रदान की गई।






