पटना: सहयोग कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री Samrat Choudhary ने राबड़ी-लालू परिवार पर निशाना साधते हुए कहा कि कुछ लोगों को हमेशा अपने घर और बंगले की चिंता लगी रहती है।
उन्होंने कहा कि कई बार मंत्री और उपमुख्यमंत्री रहने के बावजूद वे अपने निजी आवास में ही रहते थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री Narendra Modi और Nitish Kumar के कहने पर वे मुख्यमंत्री बने हैं और आज बिहार की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं।
सम्राट चौधरी ने कहा कि मुख्यमंत्री पद छोड़ने के बाद नीतीश कुमार ने सरकारी नियमों का पालन करते हुए मुख्यमंत्री आवास खाली कर दिया था। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री आवास में प्रवेश करते ही उन्होंने वहां “लोक सेवक आवास” लिखवाया, क्योंकि यह जनता का आवास है, किसी व्यक्ति या परिवार की निजी संपत्ति नहीं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि “यह लोकतंत्र है, राजतंत्र नहीं। मुख्यमंत्री आवास पर किसी का स्थायी अधिकार नहीं हो सकता।” उन्होंने अपने संबोधन में सत्ता और सरकारी संसाधनों को जनता की संपत्ति बताते हुए राजनीतिक परिवारवाद पर भी अप्रत्यक्ष हमला बोला।






