पटना: मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने शिक्षा विभाग की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में बड़ा ऐलान करते हुए कहा कि अगले पांच वर्षों में राज्य में 1 लाख शिक्षकों की नियुक्ति की जाएगी। इसके तहत प्रत्येक वर्ष कम से कम लगभग 20 हजार शिक्षकों की बहाली की जाएगी और हर साल जुलाई महीने में नियुक्ति संबंधी विज्ञापन जारी किया जाएगा।
लोक सेवक आवास, 1 अणे मार्ग स्थित ‘संकल्प सभागार’ में आयोजित बैठक में शिक्षा विभाग की अद्यतन स्थिति और भावी कार्ययोजना की समीक्षा की गई। बैठक में शिक्षा विभाग के सचिव विनोद सिंह गुंजियाल ने विभागीय कार्यों की विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य के सभी बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है। इसी उद्देश्य से बड़े पैमाने पर शिक्षकों की नियुक्ति का निर्णय लिया गया है।
बैठक के दौरान शिक्षकों के स्थानांतरण को पारदर्शी और सुगम बनाने को लेकर भी महत्वपूर्ण निर्देश दिए गए। मुख्यमंत्री ने शिक्षा विभाग को नीति तैयार करने को कहा, जिसके तहत महिला शिक्षकों का स्थानांतरण यथासंभव उनके गृह जिले के अपने प्रखंड की गृह पंचायत से सटे पंचायत में तथा पुरुष शिक्षकों का स्थानांतरण गृह प्रखंड से सटे प्रखंड में किया जा सके।
इसके अलावा राज्य के सभी विद्यालयों में छात्र-छात्राओं को पोशाक की आपूर्ति जीविका समूहों के माध्यम से कराने का भी निर्देश दिया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि इससे पोशाक की समय पर आपूर्ति सुनिश्चित होगी और महिला स्वावलंबन को भी बढ़ावा मिलेगा।
बैठक में शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव दीपक कुमार, सचिव लोकेश कुमार सिंह, सचिव संजय कुमार सिंह, शिक्षा विभाग के सचिव विनोद सिंह गुंजियाल, माध्यमिक शिक्षा निदेशक साजन राजसेकर तथा प्राथमिक शिक्षा निदेशक विक्रम वीरकर मौजूद रहे।





