हैदराबाद। तेलंगाना में कांग्रेस सरकार के खिलाफ भारतीय जनता पार्टी (भाजपा ) द्वारा घोषित विधानसभा घेराव से पहले ही राज्यभर में पुलिस कार्रवाई तेज कर दी गई। भाजपा ने सरकार पर भ्रष्टाचार और अराजक शासन का आरोप लगाते हुए सोमवार को घेराव का आह्वान किया था, लेकिन उससे पहले ही कई नेताओं और कार्यकर्ताओं को नजरबंद कर दिया और हिरासत में ले लिया गया।
प्रदेश भाजपा अध्यक्ष एन. रामचंद्र राव को विधानसभा की ओर जाते समय पुलिस ने बीच रास्ते में ही हिरासत में ले लिया। इस दौरान भाजपा कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच तीखी नोकझोंक भी हुई।
विधानसभा घेराव को देखते हुए पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी थी। विधानसभा परिसर और उसके आसपास, खासकर पब्लिक गार्डेन के मुख्य द्वार पर भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया। सुबह से ही वरिष्ठ पुलिस अधिकारी मौके पर मौजूद रहे। वहीं, बीती रात से ही पुलिस ने राज्यभर में भाजपा नेताओं के घरों पर छापेमारी शुरू कर दी थी और कई नेताओं को घरों में ही नजरबंद कर दिया गया।

आदिलाबाद में भी विधानसभा घेराव से पहले भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं को नजरबंद किया गया। पूर्व आदिलाबाद जिले के विभिन्न क्षेत्रों में पार्टी कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया गया। निर्मल, भैंसा, नरसापुर (जी) समेत कई इलाकों में पुलिस ने कार्रवाई की।
भाजपा ने आरोप लगाया कि राज्य सरकार शिक्षा क्षेत्र की उपेक्षा कर रही है, कल्याणकारी योजनाओं के लिए धन जारी करने में देरी हो रही है और केंद्र सरकार की योजनाओं को लागू नहीं किया जा रहा है। प्रदर्शन कर रहे कार्यकर्ताओं ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए आगामी चुनाव में कांग्रेस को सबक सिखाने की बात कही।
भाजपा कार्यकर्ताओं का आरोप है कि राज्य सरकार विरोध की आवाज को दबाने के लिए गिरफ्तारियां और केस दर्ज कर रही है। उनका कहना है कि सरकार विकास कार्यों और योजनाओं के क्रियान्वयन में विफल रही है।

इस बीच आदिलाबाद, मंचेरियल और कुमरम भीम आसिफाबाद जिलों में भी इसी तरह की पुलिस कार्रवाई देखने को मिली, जहां कई भाजपा कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया गया।





