काठमांडू, 21 अगस्त। नेपाल-भारत सीमा के संवेदनशील स्थानों पर आधुनिक तकनीक के इस्तेमाल से सुरक्षा निगरानी बढ़ाई जाएगी। दोनों देशों के अधिकारियों के बीच हुई बैठक में इस संबंध में सहमति बनी है।
संवेदनशील क्षेत्रों में सीसीटीवी समेत आधुनिक उपकरणों का इस्तेमाल
नेपाल के गृह मंत्रालय के मुताबिक, भारत के देहरादून में गुरुवार से शुरू हुई प्रबंधन संयुक्त कार्यदल की 14वीं बैठक में सीमा सुरक्षा से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा हुई। शुक्रवार को दोनों पक्षों ने दशगजा क्षेत्र में अतिक्रमण, एकीकृत जांच चौकियों के पूर्ण संचालन और उनके प्रभावी उपयोग समेत कई विषयों पर विचार-विमर्श किया।
बैठक में सहमति बनी कि सीमा क्षेत्र के संवेदनशील स्थानों पर सीसीटीवी समेत आधुनिक एवं नवीनतम तकनीक और उपकरणों का इस्तेमाल कर सुरक्षा निगरानी व्यवस्था को मजबूत किया जाएगा।
सीमा पार आवाजाही को सुगम बनाने पर जोर
गृह मंत्रालय के अनुसार, दोनों देशों के नागरिकों की सीमा पार आवाजाही को सुगम बनाने के उपायों पर भी चर्चा हुई। साथ ही सीमा नाकों के जरिए आने-जाने वाले तीसरे देशों के नागरिकों के लिए सुविधा और निगरानी तंत्र को मजबूत करने के मुद्दे पर विचार किया गया।
बैठक में आपदा प्रबंधन और नेपाल-भारत जिला स्तरीय समन्वय बैठकों को अधिक प्रभावी बनाने के विषय पर भी चर्चा हुई।
नेपाल में होगी अगली बैठक
कार्यदल की 14वीं बैठक का नेतृत्व नेपाल की ओर से गृह मंत्रालय के सहसचिव आनंद काफ्ले और भारत की ओर से गृह मंत्रालय की संयुक्त सचिव पौसुमी वासु ने किया।
दोनों पक्षों ने कार्यदल की अगली बैठक आयोजित करने पर भी सहमति जताई। 15वीं बैठक दोनों पक्षों की सुविधा के अनुसार नेपाल में आयोजित की जाएगी।






