वाराणसी, 16 जुलाई। उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने सिगरा स्थित रुद्राक्ष सेंटर में आयोजित पंच सम्मेलन में ग्राम सभा प्रतिनिधियों को संबोधित करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में “विकसित भारत” के लक्ष्य की दिशा में देश तेजी से आगे बढ़ रहा है और अब तक 25 करोड़ लोगों को गरीबी रेखा से बाहर निकाला गया है।
“ग्राम सभा के विकास से बनेगा विकसित भारत”
मौर्य ने कहा कि गांवों को मजबूत बनाना ही विकसित भारत की नींव है। ग्राम प्रधानों से उन्होंने आह्वान किया कि वे अपने-अपने गांवों में विकास के ऐसे कार्य करें कि आने वाले समय में वही नेतृत्व तय करें।
किसानों और गरीबों पर जोर
उन्होंने कहा कि किसानों को मजबूत करना प्राथमिकता है। साथ ही गरीबों के जीवन में सुधार लाने के लिए केंद्र सरकार ने कई योजनाएं चलाई हैं।
मौर्य ने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि पहले गरीबों के लिए इलाज कराना कठिन होता था, लेकिन आयुष्मान भारत योजना से अब हर गरीब को इलाज की सुविधा मिल रही है।
“झोपड़ी मुक्त उत्तर प्रदेश” का लक्ष्य
उपमुख्यमंत्री ने बताया कि उत्तर प्रदेश को झोपड़ी मुक्त बनाने का लक्ष्य रखा गया है, जिसमें प्रधानमंत्री का मार्गदर्शन मिल रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार के पास विकास कार्यों के लिए संसाधनों की कमी नहीं है।
महिलाओं के सशक्तिकरण पर जोर
मौर्य ने कहा कि केंद्र सरकार की योजनाओं से महिलाएं आत्मनिर्भर बन रही हैं। ग्राम स्तर पर भी महिलाओं को सशक्त बनाने की दिशा में काम करने की जरूरत है।
“डबल इंजन सरकार के पास संसाधनों की कमी नहीं”
उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य की “डबल इंजन सरकार” गांव-गांव तक विकास पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है।
उन्होंने ग्राम प्रधानों से संकल्प लेने को कहा कि वे अपने गांवों को इतना मजबूत बनाएं कि विकसित भारत की शुरुआत गांवों से हो।






