पटना, 04 अक्टूबर। बिहार विधान परिषद की दरभंगा शिक्षक निर्वाचन सीट को लेकर महागठबंधन के भीतर सियासी खींचतान तेज हो गई है। कांग्रेस के मौजूदा विधान पार्षद और पूर्व प्रदेश अध्यक्ष डॉ. मदन मोहन झा को प्रत्याशी बनाए जाने के बाद अब राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) ने भी इसी सीट से डॉ. कुंवर राय को मैदान में उतार दिया है। इसके साथ ही इस सीट पर महागठबंधन के दो प्रमुख घटक दलों के उम्मीदवार आमने-सामने हो गए हैं।
आरजेडी ने कुंवर राय को बनाया उम्मीदवार
आरजेडी ने दरभंगा शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से कुंवर राय को अपना प्रत्याशी बनाया है। उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार, पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव ने उन्हें पार्टी की ओर से सहमति पत्र सौंपा है।
कुंवर राय का नाम पार्टी संगठन से जुड़ा रहा है। वह पहले राजद के शिक्षक प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष की जिम्मेदारी संभाल चुके हैं। पार्टी की ओर से उन्हें शिक्षक समुदाय के बीच सक्रिय रहे संगठनात्मक चेहरे के तौर पर मैदान में उतारा गया है।
कांग्रेस पहले ही मदन मोहन झा को दे चुकी है टिकट
कांग्रेस ने 01 अक्टूबर को बिहार विधान परिषद की पांच सीटों के लिए अपने उम्मीदवारों की घोषणा की थी। पार्टी ने दरभंगा शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से डॉ. मदन मोहन झा को फिर से प्रत्याशी बनाया है।
मदन मोहन झा इस सीट से मौजूदा विधान पार्षद हैं और कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष भी रह चुके हैं। बिहार विधान परिषद की आधिकारिक वेबसाइट पर भी उनका निर्वाचन क्षेत्र शिक्षक दरभंगा और दल भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस दर्ज है।
सहयोगी दलों के उम्मीदवार आमने-सामने
आरजेडी और कांग्रेस दोनों के उम्मीदवारों के मैदान में उतरने से दरभंगा शिक्षक सीट पर महागठबंधन के भीतर सीधा चुनावी मुकाबला बन गया है। उपलब्ध रिपोर्टों के मुताबिक, महागठबंधन के कुछ अन्य घटक दलों के उम्मीदवार भी अलग-अलग सीटों पर एक-दूसरे के सामने हैं।
दरभंगा शिक्षक सीट पर आरजेडी के कुंवर राय और कांग्रेस के मदन मोहन झा के अलावा सीपीआई के रामदेव राय के मैदान में होने की भी रिपोर्ट है। ऐसे में इस सीट पर मुकाबला तीन महागठबंधन घटक दलों के उम्मीदवारों के बीच होने की स्थिति बन गई है।
शिक्षक प्रकोष्ठ से जुड़े रहे हैं कुंवर राय
आरजेडी ने कुंवर राय को संगठन के भीतर से ही उम्मीदवार बनाया है। वह पार्टी के शिक्षक प्रकोष्ठ में प्रदेश स्तर की जिम्मेदारी संभाल चुके हैं।
पार्टी नेताओं की ओर से उन्हें शिक्षकों से जुड़े मुद्दों पर सक्रिय रहने वाले नेता के तौर पर पेश किया जा रहा है। चुनाव में आरजेडी को उम्मीद है कि शिक्षक समुदाय के बीच उनकी संगठनात्मक सक्रियता का लाभ मिलेगा।
सीटों के तालमेल को लेकर बढ़ी चुनौती
बिहार विधान परिषद की आठ शिक्षक और स्नातक सीटों पर होने वाले चुनाव को लेकर सहयोगी दलों के बीच सीटों के तालमेल का मुद्दा पहले से चर्चा में है। कांग्रेस ने दरभंगा शिक्षक समेत पांच सीटों पर अपने उम्मीदवारों की घोषणा की, जबकि आरजेडी भी कई सीटों पर अपने प्रत्याशी उतार चुकी है।
दरभंगा शिक्षक सीट पर दोनों दलों के उम्मीदवारों की घोषणा के बाद गठबंधन के भीतर सीटों पर सहमति और चुनावी समन्वय को लेकर सवाल और चर्चा तेज हो गई है।
चुनावी मुकाबला हुआ दिलचस्प
दरभंगा शिक्षक सीट पर एक तरफ मौजूदा एमएलसी मदन मोहन झा हैं, तो दूसरी ओर आरजेडी ने संगठन के अनुभवी शिक्षक नेता कुंवर राय को मैदान में उतारा है। वहीं, सीपीआई के उम्मीदवार के मैदान में होने की स्थिति में मुकाबला और बहुकोणीय हो गया है।
अब चुनाव में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि महागठबंधन के अलग-अलग घटक दलों के उम्मीदवारों के आमने-सामने होने का असर शिक्षक मतदाताओं के बीच चुनावी समीकरण पर किस तरह पड़ता है।






