पटना: बिहार में संगठित अपराध के खिलाफ आर्थिक अपराध इकाई (EOU) ने शनिवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए पटना और नालंदा जिले में एक साथ कई स्थानों पर छापेमारी की। यह कार्रवाई खुसरूपुर प्रखंड के सुकरबेगचक पंचायत के पैक्स अध्यक्ष एवं प्रखंड प्रमुख के पति संजय कुमार उर्फ संतोष डॉन से जुड़े ठिकानों पर की जा रही है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, EOU की टीम ने खुसरूपुर के पचरुखिया स्थित संतोष डॉन के आवास समेत करीब 25 ठिकानों पर एक साथ दबिश दी है। छापेमारी की जद में पचरुखिया, जगमालबीघा, सुकरबेगचक, मुस्तफापुर और चौड़ा गांव के अलावा नालंदा जिले के खिदरचक सहित अन्य स्थान भी शामिल हैं। शनिवार सुबह शुरू हुई यह कार्रवाई देर तक जारी रही।
सूत्रों के अनुसार, यह छापेमारी संगठित अपराध से जुड़े मामलों की जांच के तहत की जा रही है। अभियान के दौरान संतोष डॉन और संजय यादव से जुड़े विभिन्न परिसरों की जांच की जा रही है। जांच एजेंसियां उनके परिजनों और करीबी सहयोगियों से जुड़े ठिकानों पर भी दस्तावेजों, संपत्तियों और अन्य साक्ष्यों की पड़ताल कर रही हैं।
बताया जा रहा है कि आर्थिक अपराध इकाई ने संगठित अपराध के मामलों की जांच के लिए एक विशेष विंग का गठन किया है। इसी विशेष इकाई द्वारा दर्ज प्राथमिकी के आधार पर यह कार्रवाई की जा रही है। हालांकि अब तक अधिकारियों की ओर से किसी गिरफ्तारी या बरामदगी को लेकर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।
छापेमारी की खबर फैलते ही संबंधित क्षेत्रों में हलचल बढ़ गई और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग घटनास्थलों के आसपास जुट गए। अधिकारियों का मानना है कि जांच पूरी होने के बाद मामले में कई अहम खुलासे हो सकते हैं। फिलहाल EOU की टीम विभिन्न ठिकानों पर जांच और दस्तावेजों के सत्यापन में जुटी हुई है।
प्रशासन की ओर से कहा गया है कि संगठित अपराध और अवैध आर्थिक गतिविधियों के खिलाफ कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी तथा जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आवश्यक कानूनी कदम उठाए जाएंगे।






