मुंबई, 21 सितंबर । निर्माता करण जौहर अब भारत की बाहरी खुफिया एजेंसी रिसर्च एंड एनालिसिस विंग (रॉ) के संस्थापक आर.एन. काओ की जिंदगी और उनके खुफिया अभियानों की कहानी बड़े पर्दे पर लाने जा रहे हैं। करण जौहर की धर्मा प्रोडक्शंस और लियो मीडिया कलेक्टिव मिलकर यह बायोपिक बनाएंगे। फिल्म लेखक नितिन गोखले की किताब ‘आर.एन. काओ: जेंटलमैन स्पाईमास्टर’ पर आधारित होगी। फिल्म की रिलीज तारीख 11 अगस्त 2028 तय की गई है।
आर.एन. काओ के सफर को पर्दे पर दिखाएगी फिल्म
फिल्म में आर.एन. काओ के वर्ष 1955 से 1971 तक के सफर को केंद्र में रखा जाएगा। इस दौरान भारतीय खुफिया तंत्र के विकास और उससे जुड़े महत्वपूर्ण घटनाक्रमों को कहानी का हिस्सा बनाया जाएगा।
फिल्म में रॉ की स्थापना से पहले और उसके शुरुआती दौर से जुड़े घटनाक्रमों को भी दिखाया जाएगा। इसके जरिए दर्शकों को यह समझने का मौका मिलेगा कि भारत के बाहरी खुफिया तंत्र के निर्माण की प्रक्रिया किस तरह आगे बढ़ी।
1971 के युद्ध और बांग्लादेश गठन से जुड़े अभियानों पर फोकस
फिल्म की कहानी में 1971 के भारत-पाकिस्तान युद्ध और बांग्लादेश के गठन से जुड़े महत्वपूर्ण खुफिया अभियानों को भी प्रमुखता दी जाएगी। इन घटनाक्रमों के दौरान आर.एन. काओ की भूमिका को कहानी के अहम हिस्से के तौर पर पेश किया जाएगा।
निर्माताओं का कहना है कि फिल्म में उस दौर के खुफिया तंत्र और उसके पीछे काम करने वाले अधिकारियों एवं अन्य लोगों की भूमिका को सामने लाने का प्रयास किया जाएगा।
नितिन गोखले की किताब पर आधारित होगी फिल्म
यह बायोपिक लेखक नितिन गोखले की चर्चित किताब ‘आर.एन. काओ: जेंटलमैन स्पाईमास्टर’ पर आधारित है। किताब में आर.एन. काओ के करियर और भारत के खुफिया तंत्र के विकास से जुड़े महत्वपूर्ण पहलुओं को दर्ज किया गया है।
फिल्म के जरिए इन घटनाओं को सिनेमाई रूप में दर्शकों तक पहुंचाने की तैयारी है।
करण जौहर ने जताया उत्साह
करण जौहर ने इस परियोजना को लेकर उत्साह जताया है। उन्होंने कहा कि वह आर.एन. काओ की महत्वपूर्ण कहानी को बड़े पर्दे पर लाने के लिए उत्साहित हैं।
निर्माताओं के अनुसार, यह फिल्म सिर्फ एक व्यक्ति की जिंदगी की कहानी नहीं होगी, बल्कि भारत के खुफिया तंत्र के शुरुआती दौर और उसे आकार देने वाले लोगों की कहानी को भी सामने लाएगी।
11 अगस्त 2028 को रिलीज होगी फिल्म
फिल्म की रिलीज 11 अगस्त 2028 को निर्धारित की गई है। निर्माताओं के मुताबिक, फिल्म की रिलीज रॉ की स्थापना के 60 वर्ष पूरे होने के अवसर के साथ जोड़ी गई है।
फिल्म को रॉ के इतिहास और उसके शुरुआती दौर को समर्पित एक विशेष सिनेमाई प्रस्तुति के तौर पर पेश करने की तैयारी है।






