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मुख्यमंत्री गंभीर बीमारी उपचार योजना अंतर्गत मरीजों को बड़ी राहत, 18 को मिली आर्थिक सहायता

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रांची। झारखंड सरकार ने ‘मुख्यमंत्री गंभीर बीमारी उपचार योजना’ के तहत गंभीर रोगों से पीड़ित मरीजों को बड़ी राहत देते हुए राज्य के 18 मरीजों के इलाज की स्वीकृति प्रदान की है। यह निर्णय झारखंड स्टेट आरोग्य सोसायटी (जसास) के कार्यकारी निदेशक छवि रंजन की अध्यक्षता में बुधवार को आयोजित राज्य स्तरीय समिति की बैठक में लिया गया।

बैठक के बाद छवि रंजन ने बताया कि स्वीकृत लाभार्थियों की सूची में गंभीर रूप से कैंसर, किडनी रोग और रक्त कैंसर से पीड़ित मरीज शामिल हैं। कैंसर रोगियों में सरिता देवी (कोलन कैंसर पुनरावर्ती), शाहिना परवीन (सर्विक्स कैंसर), परेश कुमार शर्मा (मेटास्टेटिक एडेनोकार्सिनोमा), लक्ष्मी नाथ साहू (कैंसर सीए आरएमटी – दाहिनी ओर), लैलुन खातून (फेफड़े का कैंसर), उषा शर्मा (गॉलब्लैडर का एडेनो स्क्वैमस कार्सिनोमा), जब्साना कैबर्त्ता (रेक्टोवैजाइनल फिस्टुला सहित सर्विक्स कैंसर), मो. हारून रशीद (मेटास्टेटिक कोलन कैंसर), अफसाना खातून (मेटास्टेटिक पेट का कैंसर), मास्टर दिव्यांशु कुमार (मल्टीसिस्टम लैंगरहैंस सेल हिस्टियोसाइटोसिस), अजमुल अंसारी (मेटास्टेटिक फेफड़े का कैंसर), उर्मिला करुआ (स्टेज–फोर सर्विक्स कैंसर), सलमा परवीन (बाएं स्तन का कैंसर) और नर्गिस आरा (एडेनोकार्सिनोमा जीई जंक्शन) शामिल हैं।

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इसके अलावा किडनी ट्रांसप्लांट से संबंधित मरीजों में मंडीप कुमार, जीतबहन मछवा और आदित्य कुमार को योजना का लाभ दिया गया है। वहीं रक्त कैंसर से पीड़ित मरीजों की सूची में मिस राजनंदिनी कुमारी का नाम शामिल है।

बैठक में जिला स्तरीय समिति द्वारा पांच लाख रुपये से अधिक और 20 लाख रुपये तक की अनुशंसा से जुड़े मामलों पर भी विचार किया गया। एक मरीज के इलाज के लिए 16 लाख रुपये की आवश्यकता को देखते हुए संबंधित प्रस्ताव को मंत्रिपरिषद की स्वीकृति के लिए भेजने का निर्णय लिया गया।

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आवेदन प्रक्रिया की समीक्षा के दौरान यह पाया गया कि कुछ मामलों में मरीजों की वर्तमान चिकित्सीय स्थिति का स्पष्ट विवरण उपलब्ध नहीं है। इस पर जसास के कार्यकारी निदेशक छवि रंजन ने सभी सिविल सर्जनों को निर्देश दिया कि वे मरीजों का भौतिक सत्यापन अथवा वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से पुष्टि सुनिश्चित करें। साथ ही, उपचार लागत के आकलन की जांच के बाद ही प्रस्ताव राज्य स्तरीय समिति को भेजने पर जोर दिया।

बैठक में निदेशक, स्वास्थ्य सेवाएं डॉ. सिद्धार्थ सान्याल, अपर कार्यकारी निदेशक सीमा सिंह, जसास के महाप्रबंधक प्रवीण चंद्र मिश्रा सहित स्वास्थ्य विभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

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