—मुंगेर-भागलपुर के बीच 83 किलोमीटर लंबे मरीन ड्राइव का निर्माण होगा शुरू, एक करोड़ लोगों को नौकरी और रोजगार से जोड़ने की योजना
पटना, 07 नवंबर। बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा है कि राज्य सरकार का लक्ष्य वर्ष 2030 से पहले बिहार में रोजगार के पर्याप्त अवसर सृजित करना है, ताकि लोगों को मजबूरी में मजदूरी करने के लिए दूसरे राज्यों में पलायन नहीं करना पड़े। इसके लिए राज्य में उद्योगों का विस्तार किया जाएगा, निवेश को बढ़ावा दिया जाएगा और युवाओं के लिए नौकरी एवं स्वरोजगार के नए अवसर उपलब्ध कराए जाएंगे। उन्होंने यह भी घोषणा की कि मुंगेर और भागलपुर के बीच करीब 83 किलोमीटर लंबे मरीन ड्राइव का निर्माण शुरू किया जाएगा।
मुख्यमंत्री शनिवार शाम मुंगेर जिले के बरियारपुर प्रखंड अंतर्गत कल्याणपुर स्थित श्री श्री 108 बड़ी दुर्गा महारानी मंदिर परिसर में आयोजित भव्य दीपोत्सव कार्यक्रम में शामिल हुए। दीपावली की पूर्व संध्या पर उन्होंने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने राज्य के विकास, रोजगार, उद्योग और गंगा के जल प्रबंधन से जुड़ी सरकार की योजनाओं का उल्लेख किया।
एक करोड़ लोगों को नौकरी और रोजगार से जोड़ने का लक्ष्य
सम्राट चौधरी ने कहा कि राज्य सरकार ने एक करोड़ लोगों को सरकारी नौकरी और रोजगार से जोड़ने का लक्ष्य निर्धारित किया है। इस दिशा में तेजी से काम किया जा रहा है। सरकार का प्रयास है कि बिहार के युवाओं को अपने ही राज्य में बेहतर नौकरी, व्यवसाय और रोजगार के अवसर मिलें।
उन्होंने कहा कि अगले पांच वर्षों में एक करोड़ परिवारों को उद्यमी बनाने का लक्ष्य भी रखा गया है। इसके लिए उद्योगों का विस्तार किया जाएगा और निवेश को प्रोत्साहित किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने भरोसा दिलाया कि रोजगार और व्यवसाय के क्षेत्र में ऐसे अवसर तैयार किए जाएंगे, जिससे बिहार के लोगों को काम की तलाश में दूसरे राज्यों का रुख नहीं करना पड़े।
मुंगेर-भागलपुर के बीच बनेगा 83 किलोमीटर लंबा मरीन ड्राइव
मुख्यमंत्री ने मुंगेर और भागलपुर के बीच करीब 83 किलोमीटर लंबे मरीन ड्राइव के निर्माण की घोषणा की। उन्होंने कहा कि इस परियोजना से दोनों जिलों के बीच आवागमन की सुविधा बेहतर होगी। साथ ही क्षेत्र में विकास की नई संभावनाएं पैदा होंगी और आर्थिक गतिविधियों को भी गति मिलेगी।
उन्होंने कहा कि बिहार को विकसित और समृद्ध बनाने के लिए आधारभूत संरचनाओं का विस्तार जरूरी है। सड़क और परिवहन सुविधाओं में सुधार से स्थानीय लोगों के साथ-साथ व्यापार और उद्योगों को भी लाभ मिलेगा।
गंगा के पानी का होगा बेहतर प्रबंधन, किसानों को मिलेगी सिंचाई सुविधा
मुख्यमंत्री ने गंगा नदी में आने वाली बाढ़ और उससे किसानों की फसलों को होने वाले नुकसान का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि दशहरा के समय नेपाल की तराई और सोन नदी से आने वाला पानी गंगा में मिला, जिससे कई क्षेत्रों में बाढ़ की स्थिति उत्पन्न हुई। ऐसे में गंगा के जल का समुचित प्रबंधन और उपयोग किसानों के हित में बेहद जरूरी है।
सम्राट चौधरी ने बताया कि इस दिशा में दो नवंबर को केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी के साथ महत्वपूर्ण समझौता किया गया है। इसके तहत गंगा से गाद निकालने और जल प्रबंधन के माध्यम से उपलब्ध संसाधनों का बेहतर उपयोग करने की योजना है।
उन्होंने कहा कि गंगा के पानी का इस्तेमाल सिंचाई के लिए किया जाएगा। इसके लिए अलग-अलग स्थानों पर बांध और जल संरचनाएं बनाने की योजना है, ताकि नदी का पानी खेतों तक पहुंचाया जा सके। इससे किसानों को फसलों की सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी उपलब्ध होगा और कृषि गतिविधियों को मजबूती मिलेगी।
प्रधानमंत्री मोदी और नीतीश कुमार के विकास कार्यों को आगे बढ़ाने की बात
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी देश को विकसित बनाने के लिए लगातार विकास कार्यों में जुटे हैं। वहीं, पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने भी बिहार को समृद्ध बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण काम किए हैं। वर्तमान सरकार उनके द्वारा शुरू किए गए विकास कार्यों को आगे बढ़ा रही है।
उन्होंने कहा कि मुंगेर की धरती से निकलकर प्रधानमंत्री के आशीर्वाद से उन्हें बिहार की सेवा करने का अवसर मिला है। राज्य सरकार विकास, उद्योग और रोजगार के क्षेत्र में तेजी से काम कर रही है।
दीपोत्सव में बिहार की खुशहाली की कामना
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने मां लक्ष्मी, भगवान श्रीराम, मां दुर्गा और मां सरस्वती से बिहार की निरंतर प्रगति एवं समृद्धि की कामना की। उन्होंने राज्य के प्रत्येक परिवार के सुख, शांति और खुशहाली की भी प्रार्थना की।
सम्राट चौधरी ने कल्याणपुर में भव्य और ऐतिहासिक दीपोत्सव के आयोजन के लिए यूथ क्लब, प्रसिद्ध होम्योपैथिक चिकित्सक डॉ. नीतीश चंद्र दुबे और स्थानीय लोगों को बधाई दी। उन्होंने सभी बिहारवासियों को दीपावली की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि पर्व का यह अवसर प्रदेश में सुख, समृद्धि और नई ऊर्जा लेकर आए।






