रांची, 18 सितंबर । पूर्व मुख्यमंत्री और नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने मुख्य सूचना आयुक्त की नियुक्ति अब तक नहीं होने और राज्य सूचना आयोग का कामकाज शुरू नहीं होने को लेकर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को शुक्रवार को पत्र लिखा है। उन्होंने मुख्य सूचना आयुक्त के चयन के लिए संबंधित समिति की बैठक तत्काल बुलाने और नियुक्ति प्रक्रिया जल्द पूरी करने की मांग की है।
चयन समिति की बैठक तत्काल बुलाने की मांग
मरांडी ने मुख्यमंत्री से आग्रह किया है कि मुख्य सूचना आयुक्त के चयन के लिए संबंधित समिति की बैठक जल्द बुलाई जाए। साथ ही नियुक्ति की प्रक्रिया पूरी कर राज्य सूचना आयोग में अपीलों और शिकायतों की नियमित सुनवाई शुरू कराई जाए। उन्होंने इस पूरी प्रक्रिया के लिए स्पष्ट समयसीमा तय करने की भी मांग की है।
सूचना आयुक्तों की नियुक्ति के बाद भी पद खाली
पत्र में बाबूलाल मरांडी ने कहा कि सूचना आयुक्तों की नियुक्ति को लेकर मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में हुई बैठक में उन्होंने मुख्य सूचना आयुक्त की नियुक्ति का मुद्दा उठाया था। बैठक में मंत्री हफीजुल हसन भी मौजूद थे। मरांडी के अनुसार, मुख्यमंत्री ने नियुक्ति जल्द करने का आश्वासन दिया था।
उन्होंने कहा कि सूचना आयुक्तों की नियुक्ति के बावजूद मुख्य सूचना आयुक्त का पद अब भी रिक्त है। इसके कारण आयोग में सुनवाई का काम शुरू नहीं हो पाया है। ऐसे में अपील और शिकायतों की सुनवाई का इंतजार कर रहे नागरिकों को सूचना आयुक्तों की नियुक्ति का वास्तविक लाभ कैसे मिलेगा।
आश्वासन पर सहमति और हस्ताक्षर का जिक्र
मरांडी ने कहा कि उन्होंने मुख्यमंत्री के आश्वासन पर भरोसा करते हुए नियुक्ति संबंधी अनुशंसा पर सहमति दी थी और हस्ताक्षर किए थे। उन्होंने सवाल उठाया कि यदि सरकार समय पर आयोग को पूरी तरह कार्यशील नहीं करती है, तो जनता को अपने अधिकारों के लिए दोबारा अदालत का दरवाजा क्यों खटखटाना पड़ेगा।
सुनवाई नहीं होने से आरटीआई के उद्देश्य पर असर
नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि सूचना का अधिकार नागरिकों को सरकारी कामकाज से जुड़ी जानकारी मांगने और उसका जवाब प्राप्त करने का अधिकार देता है। आयोग में अपीलों और शिकायतों की सुनवाई नहीं होने से यह अधिकार व्यवहार में प्रभावित हो रहा है।
उन्होंने कहा कि कई मामलों में समय पर सूचना नहीं मिलने से उसे प्राप्त करने का उद्देश्य ही समाप्त हो जाता है। इस स्थिति को अनिश्चितकाल तक बनाए रखना जनता के हित में नहीं है।
समयबद्ध कार्रवाई की मांग
बाबूलाल मरांडी ने मुख्यमंत्री से मुख्य सूचना आयुक्त की नियुक्ति की प्रक्रिया जल्द पूरी कराने और राज्य सूचना आयोग का कामकाज समयबद्ध तरीके से शुरू कराने की मांग की है। उन्होंने कहा कि आयोग के नियमित रूप से काम करने से लंबित अपीलों और शिकायतों की सुनवाई का रास्ता साफ होगा।






