रांची, 01 अक्टूबर। राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार ने कहा कि झारखंड के स्थानीय उत्पादों में व्यापक संभावनाएं हैं। गुणवत्ता, बेहतर डिजाइन, आधुनिक तकनीक और प्रभावी ब्रांडिंग के जरिए राज्य के उत्पादों को देश और दुनिया के बाजार में नई पहचान दिलाई जा सकती है। उन्होंने तसर सिल्क की विशेष पहचान का उल्लेख करते हुए अन्य स्थानीय उत्पादों की संभावनाओं को भी आगे बढ़ाने पर जोर दिया।
राज्यपाल गुरुवार को रांची के मोरहाबादी मैदान में एक्सपो उत्सव 2026 के उद्घाटन समारोह को संबोधित कर रहे थे।
उद्यमिता आत्मनिर्भरता और रोजगार का आधार
राज्यपाल ने कहा कि उद्यमिता आत्मनिर्भरता, रोजगार और आर्थिक विकास का महत्वपूर्ण आधार है। झारखंड के युवाओं में प्रतिभा और नए विचारों की कोई कमी नहीं है। जरूरत है कि उन्हें सही मार्गदर्शन, अवसर और तकनीकी सहयोग उपलब्ध कराया जाए, ताकि वे नए उद्यम स्थापित करने की दिशा में आगे बढ़ सकें।
उन्होंने कहा कि युवाओं को नौकरी तलाशने के साथ-साथ रोजगार देने वाला बनने के लिए भी प्रोत्साहित किया जाना चाहिए।
डिजिटल तकनीक से छोटे कारोबार को बड़ा बाजार
राज्यपाल ने कहा कि डिजिटल तकनीक, ई-कॉमर्स और सोशल मीडिया ने व्यापार के तौर-तरीकों को तेजी से बदल दिया है। अब छोटे उद्यम भी तकनीक की मदद से अपने उत्पादों को बड़े बाजार और अधिक संख्या में ग्राहकों तक पहुंचा सकते हैं।
उन्होंने उद्यमियों से गुणवत्ता, विश्वसनीयता और बेहतर ग्राहक सेवा पर विशेष ध्यान देने का आह्वान किया। राज्यपाल ने कहा कि किसी भी व्यवसाय के लिए ग्राहक का विश्वास सबसे बड़ी पूंजी है।
युवाओं से नए विचारों को उद्यम में बदलने की अपील
राज्यपाल ने युवाओं का आह्वान किया कि वे अपने विचारों को केवल विचार तक सीमित न रखें, बल्कि उन्हें प्रयोग और उद्यम का रूप दें। उन्होंने युवाओं से नई तकनीक सीखने और समाज की समस्याओं के व्यावहारिक समाधान खोजने की अपील की।
उन्होंने कहा कि उद्यमिता के साथ ईमानदारी, गुणवत्ता और सामाजिक जिम्मेदारी को भी कार्यशैली का हिस्सा बनाया जाना चाहिए।
सामाजिक विकास में भी योगदान दें उद्यमी
राज्यपाल ने कहा कि उद्यमियों की जिम्मेदारी केवल व्यवसाय के विस्तार तक सीमित नहीं होनी चाहिए। उन्हें अपने कारोबार के साथ-साथ शिक्षा और सामाजिक विकास जैसे क्षेत्रों में भी योगदान देना चाहिए।
उन्होंने कहा कि मजबूत व्यवसाय वही है, जो आर्थिक विकास के साथ समाज के व्यापक हित में भी भूमिका निभाए।
एक्सपो उत्सव को बताया महत्वपूर्ण मंच
राज्यपाल ने एक्सपो उत्सव को उत्पादों, सेवाओं और उद्यमियों को एक मंच पर लाने का महत्वपूर्ण अवसर बताया। उन्होंने आयोजन के लिए जेसीआई को बधाई दी।
उन्होंने कहा कि ‘विकसित भारत 2047’ के संकल्प को पूरा करने में युवा शक्ति, उद्यमिता, नवाचार और आत्मनिर्भरता की महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने उम्मीद जताई कि एक्सपो उत्सव नए विचारों को दिशा देने और झारखंड के स्थानीय उत्पादों को व्यापक पहचान दिलाने का माध्यम बनेगा।

सात दिनों में लगेंगे 400 स्टॉल
एक्सपो के चीफ कोऑर्डिनेटर जेसी एचजीएफ सीए प्रशांत पाटोदिया ने बताया कि सात दिनों तक चलने वाले एक्सपो उत्सव में करीब 400 स्टॉल लगाए जाएंगे। इसमें देश के विभिन्न शहरों से कारोबारी और उद्यमी शामिल होंगे।
उन्होंने बताया कि सभी स्टॉल वातानुकूलित होंगे। एक्सपो में बड़े ब्रांड, स्टार्टअप, ऑटोमोबाइल, ड्राई फ्रूट्स सहित विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े उत्पादों और सेवाओं के स्टॉल लगाए जाएंगे।
महिला उद्यमियों के लिए अलग ‘पिंक हैंगर’
आयोजन में महिला उद्यमियों के लिए विशेष पिंक हैंगर बनाया गया है। इसमें केवल महिला उद्यमियों को अपने उत्पाद और कारोबार प्रदर्शित करने के लिए स्टॉल उपलब्ध कराया गया है।
आयोजकों के अनुसार, इसका उद्देश्य महिला उद्यमियों को व्यापार के लिए बेहतर मंच और बाजार तक पहुंच उपलब्ध कराना है।
बच्चों के लिए एम्यूजमेंट पार्क की व्यवस्था
एक्सपो उत्सव में बच्चों के मनोरंजन का भी विशेष ध्यान रखा गया है। इसके लिए एम्यूजमेंट पार्क तैयार किया गया है, जहां बच्चों के लिए विभिन्न प्रकार के झूले और मनोरंजन की सुविधाएं उपलब्ध रहेंगी।
आयोजकों ने बताया कि एक्सपो में खरीदारी और व्यापार के साथ परिवार के सभी सदस्यों के लिए मनोरंजन की व्यवस्था की गई है।
सात अक्टूबर तक चलेगा एक्सपो उत्सव
आयोजकों के मुताबिक एक्सपो उत्सव 2026 सात अक्टूबर तक चलेगा। सात दिनों के दौरान विभिन्न शहरों से आए कारोबारी, स्टार्टअप और उद्यमी अपने उत्पादों एवं सेवाओं का प्रदर्शन करेंगे।
उद्घाटन समारोह में सौरभ जालान, राहुल टिबरेवाल, सौरव नारेड़ी, सीए दीपक पटेल, ऋषभ जालान, अनिमेश निखिल, अभिषेक केडिया, अनूप अग्रवाल, केदार मित्र, बिमल जेजानी, नारायण मुरारका और अनिल अग्रवाल सहित अन्य लोग मौजूद रहे।






