पटना, 12 अक्टूबर। बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने सोमवार को बाढ़ प्रभावित परिवारों को राहत देते हुए दूसरे चरण में 1,60,201 परिवारों के बैंक खातों में 112.14 करोड़ रुपये की राशि प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (डीबीटी) के माध्यम से हस्तांतरित की। प्रत्येक पात्र परिवार को अनुग्रह अनुदान के तहत 7,000 रुपये दिए गए हैं।
इससे पहले 15 सितंबर 2026 को पहले चरण में 8,77,190 बाढ़ प्रभावित परिवारों के खातों में 614.03 करोड़ रुपये अंतरित किए गए थे। दोनों चरणों को मिलाकर अब तक कुल 10,37,391 परिवारों को 726.17 करोड़ रुपये की राहत राशि उपलब्ध कराई जा चुकी है।
पात्र परिवारों को सहायता से वंचित न रखने का निर्देश
मुख्यमंत्री ने कहा कि बाढ़ के दौरान संबंधित विभागों और जिला प्रशासन ने राहत एवं बचाव कार्य बेहतर ढंग से किए। उन्होंने सभी जिलाधिकारियों को निर्देश दिया कि राहत सहायता से वंचित रह गए पात्र परिवारों की पहचान कर उन्हें भी इस प्रक्रिया में शामिल किया जाए।
उन्होंने स्पष्ट किया कि यह सुनिश्चित किया जाना चाहिए कि कोई भी पात्र परिवार सरकारी सहायता से वंचित न रहे।
14 अक्टूबर को किसानों को मिलेगा कृषि इनपुट अनुदान
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने घोषणा की कि बाढ़ प्रभावित किसानों को फसल क्षति के लिए कृषि इनपुट अनुदान की राशि 14 अक्टूबर को दशहरा से पहले उपलब्ध करा दी जाएगी। इससे बाढ़ के कारण फसलों को हुए नुकसान से प्रभावित किसानों को राहत मिलने की उम्मीद है।
दीपावली से पहले क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत के निर्देश
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को बाढ़ से क्षतिग्रस्त सड़कों और अन्य आधारभूत संरचनाओं की मरम्मत एवं पुनर्स्थापन का काम प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि इन कार्यों को दीपावली से पहले पूरा करना सुनिश्चित किया जाए, ताकि आम लोगों को आवागमन और दैनिक गतिविधियों में परेशानी न हो।
बाढ़ के स्थायी समाधान के लिए बनेगी दीर्घकालिक योजना
मुख्यमंत्री ने बिहार में बाढ़ की समस्या के स्थायी समाधान की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि भविष्य में बाढ़ से होने वाले नुकसान को कम करने के लिए ठोस और दीर्घकालिक योजना पर काम किया जा रहा है।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने राज्यवासियों को दशहरा की शुभकामनाएं देते हुए सभी परिवारों की खुशहाली, बिहार की समृद्धि और देश के विकास की कामना की।
कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री भी रहे मौजूद
इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी और उपमुख्यमंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव मौजूद रहे। वहीं, वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सभी जिलों के जिलाधिकारी कार्यक्रम से जुड़े।






