झारखंड में तकनीकी विकास को मिलेगी रफ्तार, दावोस में सीएम सोरेन और इंफोसिस के बीच सहमति

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रांची। स्विट्जरलैंड के दावोस में आयोजित वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम के दौरान मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन से ग्लोबल इंफोसिस, कैलिफ़ोर्निया के एक्जीक्यूटिव वाइस प्रेसिडेंट आशीष कुमार दास ने मुलाकात की। इस अवसर पर झारखंड के दीर्घकालिक विकास विज़न और तकनीक आधारित विकास की दिशा में सहयोग की संभावनाओं पर व्यापक चर्चा हुई।

मुख्यमंत्री सचिवालय की ओर से बुधवार को जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, इंफोसिस प्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन के कार्यों और दूरदर्शी दृष्टिकोण की सराहना की। विशेष रूप से प्रतिभाओं के पुनः कौशल विकास (री-स्किलिंग), टेक्नोलॉजी टॉवर की परिकल्पना तथा उन्नत तकनीकी हस्तक्षेपों के माध्यम से खनन क्षेत्र के डिजिटल परिवर्तन को राज्य सरकार की एक महत्वपूर्ण और प्रेरणादायक पहल बताया गया।

बैठक में झारखंड के युवाओं को डिजिटल तकनीक और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) से जुड़े कौशलों से सशक्त बनाने पर सहमति बनी। इस दिशा में इंफोसिस के विंग्सपैन प्लेटफॉर्म की संभावित भूमिका पर आगे विस्तार से चर्चा करने का प्रस्ताव रखा गया।

इसके साथ ही, खनन क्षेत्र में उत्पादकता, सुरक्षा और दक्षता बढ़ाने के उद्देश्य से इंफोसिस द्वारा विकसित एआई आधारित डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन समाधानों को प्रस्तुत करने पर भी सहमति बनी। इस संबंध में फरवरी माह में एक वर्चुअल सत्र आयोजित किए जाने का निर्णय लिया गया, जिसमें राज्य सरकार और इंफोसिस के तकनीकी विशेषज्ञ भाग लेंगे।

इंफोसिस ग्लोबल की ओर से मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन, मुख्य सचिव तथा राज्य सरकार के वरिष्ठ अधिकारियों को इंफोसिस हाउस के भ्रमण का आमंत्रण भी दिया गया। इस दौरान कंपनी द्वारा विकसित अत्याधुनिक एआई आधारित नवाचारों और डिजिटल समाधानों का प्रदर्शन किया जाएगा।

विज्ञप्ति में बताया गया कि यह बैठक झारखंड में डिजिटल परिवर्तन, कौशल विकास और तकनीक आधारित औद्योगिक प्रगति को गति देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखी जा रही है। दावोस में आईटी, एआई और अन्य उभरती तकनीकों को लेकर मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन की लगातार हो रही बैठकों से युवा झारखंड को एक स्पष्ट और मजबूत विकास दिशा मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।

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