--पटना, समस्तीपुर और रानीगंज से जुड़े अपराधियों की तलाश तेज, प्रत्येक आरोपित पर दो लाख रुपये का इनाम
पूर्वी सिंहभूम, 03 अक्टूबर। जमशेदपुर के गोलमुरी स्थित केनरा बैंक में 24 सितंबर को हुई करोड़ों रुपये की डकैती के मामले में पुलिस ने फरार आरोपितों की तलाश तेज कर दी है। जांच के दौरान वारदात में बिहार के पटना और समस्तीपुर तथा पश्चिम बंगाल के रानीगंज से जुड़े अपराधियों की संलिप्तता सामने आने के बाद पुलिस ने तीन फरार आरोपितों की नई और स्पष्ट तस्वीरें जारी की हैं।
जमशेदपुर पुलिस ने तीनों आरोपितों की गिरफ्तारी में मददगार सूचना देने वाले व्यक्ति के लिए प्रत्येक आरोपित पर दो लाख रुपये का इनाम घोषित किया है। इस तरह तीनों फरार आरोपितों पर कुल छह लाख रुपये का इनाम रखा गया है।
हथियार के बल पर बैंक में डाली थी डकैती
पुलिस के अनुसार, 24 सितंबर को हथियारबंद अपराधियों ने गोलमुरी स्थित केनरा बैंक में धावा बोला था। अपराधियों ने बैंककर्मियों को हथियार के बल पर बंधक बना लिया और कुछ ही मिनटों में बैंक से बड़ी मात्रा में सोना और नकदी लूटकर फरार हो गए।
पुलिस के मुताबिक, अपराधी करीब 23 किलोग्राम सोना और 43 लाख रुपये नकद लेकर भागे थे। लूटे गए सोने की अनुमानित कीमत करीब 33 करोड़ रुपये बताई गई है।
तीन राज्यों में पुलिस की छापेमारी
घटना के बाद से ही जमशेदपुर पुलिस की कई टीमें आरोपितों की तलाश में जुटी हैं। पुलिस की टीमें बिहार, पश्चिम बंगाल और अन्य संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर रही हैं।
जांच में आरोपितों की आवाजाही, संपर्कों और संभावित ठिकानों का पता लगाने के लिए पुलिस सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी साक्ष्यों का सहारा ले रही है।
इन तीन फरार आरोपितों की हुई पहचान
पुलिस जांच में जिन तीन फरार आरोपितों की पहचान हुई है, उनमें समस्तीपुर के चैता निवासी प्रियदर्शी उर्फ दर्शन कुमार, पटना के गोसाईं गांव निवासी अक्षय कुमार उर्फ साका और पश्चिम बंगाल के रानीगंज निवासी अमन सिंह शामिल हैं।
पुलिस ने तीनों की नई और स्पष्ट तस्वीरें सार्वजनिक करते हुए आम लोगों से अपील की है कि यदि किसी व्यक्ति को इनके बारे में जानकारी हो या इनमें से किसी को कहीं देखा गया हो तो तत्काल पुलिस को सूचना दें।
लगातार ठिकाने बदल रहे हैं आरोपित
पुलिस के अनुसार, वारदात के बाद तीनों फरार आरोपित लगातार अपने ठिकाने बदल रहे हैं। ऐसे में उनकी तस्वीरें सार्वजनिक करने का उद्देश्य आम लोगों की मदद से उनके बारे में महत्वपूर्ण सुराग जुटाना और उनकी गिरफ्तारी का रास्ता आसान करना है।
पुलिस को उम्मीद है कि तस्वीरें सार्वजनिक होने के बाद आरोपितों की गतिविधियों और संभावित ठिकानों के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी मिल सकती है।
सीसीटीवी और तकनीकी साक्ष्यों से जुटाए जा रहे सुराग
बैंक डकैती की जांच में पुलिस सीसीटीवी फुटेज, तकनीकी साक्ष्यों और अन्य उपलब्ध जानकारी का विश्लेषण कर रही है। पुलिस की अलग-अलग टीमें आरोपितों के संभावित संपर्कों, आवाजाही और ठिकानों की जानकारी जुटाने में लगी हैं।
इसके साथ ही पुलिस वारदात में शामिल अन्य फरार अपराधियों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए भी जांच आगे बढ़ा रही है।
गोलमुरी थाना में दर्ज है मामला
इस संबंध में गोलमुरी थाना में कांड संख्या 103/26 दर्ज किया गया है। प्राथमिकी बीएनएस की धारा 310(2), 311 तथा आर्म्स एक्ट की धारा 27 के तहत दर्ज की गई है।
पुलिस मामले में अब तक सामने आए साक्ष्यों के आधार पर फरार आरोपितों तक पहुंचने का प्रयास कर रही है।
सूचना देने वाले की पहचान रखी जाएगी गुप्त
जमशेदपुर पुलिस ने आम लोगों से अपील की है कि जारी की गई तस्वीरों में दिखाई देने वाले आरोपितों के संबंध में किसी भी तरह की जानकारी मिलने पर बिना देरी पुलिस को सूचित करें।
पुलिस ने स्पष्ट किया है कि सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान पूरी तरह गुप्त रखी जाएगी।
गिरफ्तारी में मदद करने पर मिलेगा दो-दो लाख का इनाम
पुलिस के अनुसार, तीनों फरार आरोपितों की गिरफ्तारी में मददगार सूचना देने वाले को प्रत्येक आरोपित के लिए दो लाख रुपये का इनाम दिया जाएगा। यानी तीनों आरोपितों के संबंध में विश्वसनीय जानकारी उपलब्ध कराने पर कुल छह लाख रुपये तक का इनाम दिया जा सकता है।
पुलिस ने लोगों से अपील की है कि यदि आरोपितों की मौजूदगी, आवाजाही या उनके संभावित ठिकाने के संबंध में कोई विश्वसनीय जानकारी मिले तो उसे तत्काल पुलिस तक पहुंचाएं, ताकि करोड़ों रुपये की बैंक डकैती के मामले में फरार आरोपितों की गिरफ्तारी की जा सके।






