अब अभिनय सीखने के लिए बिहार से बाहर जाने की जरूरत नहीं, राज्य में खुलेगा एनएसडी कैंपस; युवा कलाकारों को मिलेगा पेशेवर प्रशिक्षण

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पटना, 1 सितंबर। बिहार में राष्ट्रीय नाट्य विद्यालय (एनएसडी) के नए कैंपस की स्थापना को केंद्र सरकार की सहमति मिलने पर मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय संस्कृति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत के प्रति आभार व्यक्त किया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह निर्णय बिहार की समृद्ध नाट्य और प्रदर्शन कला परंपरा को राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाने के साथ युवा कलाकारों के लिए नए अवसर पैदा करेगा।

युवा कलाकारों को मिलेगा पेशेवर प्रशिक्षण

मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार की सांस्कृतिक विरासत बेहद समृद्ध रही है। यह कालिदास, रामवृक्ष बेनीपुरी और भिखारी ठाकुर जैसी महान विभूतियों की भूमि है। राज्य की लोक नाट्य और प्रदर्शन कलाओं की अपनी विशिष्ट एवं गौरवशाली परंपरा रही है।

उन्होंने कहा कि बिहार में एनएसडी कैंपस की स्थापना से युवा कलाकारों को पेशेवर नाट्य प्रशिक्षण, स्टेजक्राफ्ट, प्रदर्शन कला और उन्नत शोध के लिए बेहतर संस्थागत अवसर मिलेंगे। प्रतिभाशाली कलाकारों को प्रशिक्षण के लिए राज्य से बाहर जाने की आवश्यकता भी कम होगी।

लोक कला और आधुनिक रंगमंच के बीच बनेगा बेहतर समन्वय

मुख्यमंत्री ने कहा कि एनएसडी कैंपस से बिहार की पारंपरिक लोक नाट्य विधाओं और आधुनिक रंगमंच के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने में मदद मिलेगी। इससे राज्य की स्थानीय कला परंपराओं को संरक्षण और उन्हें राष्ट्रीय मंच तक पहुंचाने का अवसर मिलेगा।

राज्य सरकार देगी 50 प्रतिशत लागत

मुख्यमंत्री ने बताया कि बिहार सरकार ने नाट्य कलाओं के संरक्षण, संवर्धन और समन्वय के लिए बिहार संगीत नाट्य अकादमी की स्थापना की है। एनएसडी का नया कैंपस राज्य के इन प्रयासों को और मजबूती प्रदान करेगा।

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार कैंपस के लिए उपयुक्त भूमि उपलब्ध कराने के साथ भवन निर्माण की स्वीकृत लागत का 50 प्रतिशत राज्यांश वहन करने के लिए आवश्यक कार्रवाई कर रही है। संस्थान की शीघ्र स्थापना के लिए राज्य सरकार हरसंभव प्रशासनिक सहयोग उपलब्ध कराएगी।

बिहार की सांस्कृतिक विरासत में निवेश : मुख्यमंत्री

सम्राट चौधरी ने कहा कि बिहार में एनएसडी कैंपस की स्थापना केवल एक नए संस्थान का निर्माण नहीं है, बल्कि यह राज्य की सांस्कृतिक विरासत, युवा प्रतिभाओं और आधुनिक रंगमंच के भविष्य में निवेश है। उन्होंने विश्वास जताया कि केंद्र और राज्य सरकार के समन्वित प्रयास से यह संस्थान बिहार को राष्ट्रीय रंगमंच के मानचित्र पर और अधिक मजबूती से स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।

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