रांची/खूंटी, 06 अक्टूब। झारखंड में OBC आरक्षण और पिछड़ी जातियों के अधिकारों की मांग को लेकर मंगलवार को पांच जिलों में बंद और चक्का जाम का आह्वान किया गया। रांची, खूंटी, गुमला, सिमडेगा और लोहरदगा में बंद समर्थक सड़कों पर उतरे। हालांकि राजधानी रांची में बंद का असर अपेक्षाकृत कम रहा, जबकि खूंटी में बंद का व्यापक असर देखने को मिला।
रांची में कुछ स्थानों पर बंद समर्थकों ने सड़क जाम करने का प्रयास किया, लेकिन पुलिस की तत्परता से यातायात को जल्द सामान्य करा लिया गया। दूसरी ओर, खूंटी में कई प्रमुख मार्गों पर प्रदर्शनकारियों के चक्का जाम के कारण वाहनों की आवाजाही प्रभावित हुई और कई स्थानों पर बाजार भी बंद रहे।
अरगोड़ा चौक पर जाम की कोशिश, पुलिस ने हटाया
राजधानी रांची के अरगोड़ा चौक समेत कुछ इलाकों में बंद समर्थक सड़क पर पहुंचे और वाहनों की आवाजाही रोकने का प्रयास किया। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और सड़क पर बैठे प्रदर्शनकारियों को वहां से हटाया।
पुलिस की कार्रवाई के बाद अरगोड़ा चौक पर यातायात सामान्य हो गया। हटिया डीएसपी नीरज ने बताया कि कुछ देर के लिए यातायात प्रभावित हुआ था, लेकिन पुलिस ने मौके पर पहुंचकर सड़क जाम कर रहे लोगों को हटाया, जिसके बाद स्थिति सामान्य हो गई।
रांची के बाजार और स्कूल-कॉलेज सामान्य
राजधानी रांची के शहरी इलाकों में बंद का खास असर देखने को नहीं मिला। शहर के अधिकांश बाजार और दुकानें सामान्य रूप से खुली रहीं। स्कूल-कॉलेजों में भी रोज की तरह गतिविधियां जारी रहीं।
सरकारी कार्यालयों में भी सामान्य रूप से कामकाज हुआ। शहर की प्रमुख सड़कों पर यातायात भी सामान्य नजर आया। हालांकि रांची के कुछ ग्रामीण इलाकों में सामान्य दिनों की तुलना में वाहनों की आवाजाही कुछ कम रही।
पांच जिलों में बंद का आह्वान
केंद्रीय पिछड़ी जाति संघर्ष समिति के आह्वान पर OBC आरक्षण की मांग को लेकर रांची के अलावा खूंटी, गुमला, सिमडेगा और लोहरदगा में भी बंद का आयोजन किया गया।
इन जिलों में अलग-अलग स्थानों पर बंद समर्थक सड़क पर उतरे और चक्का जाम कर अपना विरोध जताया। प्रशासन ने संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा रखी थी।
खूंटी में बंद का दिखा व्यापक असर
खूंटी में 27 प्रतिशत OBC आरक्षण की मांग को लेकर बंद का अपेक्षाकृत ज्यादा असर देखने को मिला। केंद्रीय पिछड़ी जाति संघर्ष समिति के आह्वान पर OBC मोर्चा के कार्यकर्ताओं ने सुबह से ही जिले की प्रमुख सड़कों पर उतरकर चक्का जाम किया।
प्रदर्शनकारियों के सड़क पर बैठ जाने के कारण कई स्थानों पर वाहनों की आवाजाही पूरी तरह प्रभावित हुई। इससे आम लोगों और लंबी दूरी की यात्रा करने वाले यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
हूटार चौक पर बांस और पत्थरों से सड़क ब्लॉक
खूंटी में प्रदर्शनकारियों ने रांची-खूंटी मुख्य मार्ग के हूटार चौक पर बांस और भारी पत्थरों की मदद से सड़क को घेरकर रास्ता अवरुद्ध कर दिया।
इसके अलावा चाईबासा से खूंटी आने वाला मार्ग भी प्रभावित रहा। सड़क के दोनों ओर लंबी दूरी की यात्री बसों, ट्रकों और निजी वाहनों की कतार लग गई। सड़क जाम के कारण यात्रियों को काफी देर तक इंतजार करना पड़ा।
खूंटी के बाजारों में पसरा सन्नाटा
बंद का असर केवल सड़कों तक ही सीमित नहीं रहा। खूंटी मुख्यालय, तोरपा और मुरहू प्रखंड के प्रमुख बाजारों में भी बंद का असर दिखाई दिया।
क्षेत्र की छोटी-बड़ी दुकानें और कई व्यावसायिक प्रतिष्ठान बंद रहे। लंबी दूरी की बसों का परिचालन प्रभावित रहने से प्रमुख चौराहों और बस पड़ावों पर भी सामान्य दिनों की तुलना में कम गतिविधियां नजर आईं।

गुमला, सिमडेगा और लोहरदगा में भी समर्थक सक्रिय
गुमला और सिमडेगा में भी बंद समर्थकों ने अलग-अलग स्थानों पर सड़क पर उतरकर विरोध जताया। लोहरदगा में भी बंद को लेकर समर्थक सक्रिय रहे और कई जगहों पर आवागमन प्रभावित करने का प्रयास किया गया।
हालांकि अलग-अलग इलाकों में बंद का असर एक जैसा नहीं रहा। कहीं दुकानें बंद रहीं तो कहीं बाजार सामान्य रूप से खुले रहे।
रांची में पुलिस की सक्रियता से स्थिति नियंत्रण में
बंद को देखते हुए रांची पुलिस ने संवेदनशील इलाकों में पहले से ही सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा रखी थी। पुलिस की ओर से सड़क जाम करने और जबरन दुकानें बंद कराने वालों पर नजर रखी जा रही थी।
राजधानी में पुलिस की सक्रियता के कारण बंद समर्थक लंबे समय तक सड़क पर जाम नहीं लगा सके। जहां भी यातायात बाधित करने की कोशिश हुई, पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया।
OBC आरक्षण की मांग को लेकर आंदोलन
बंद समर्थकों की प्रमुख मांग OBC के लिए 27 प्रतिशत आरक्षण और पिछड़ी जातियों के अधिकारों से जुड़ी है। इसी मांग को लेकर केंद्रीय पिछड़ी जाति संघर्ष समिति की ओर से पांच जिलों में बंद और चक्का जाम का आह्वान किया गया था।
मंगलवार को हुए प्रदर्शन में बंद समर्थकों ने अलग-अलग स्थानों पर अपनी मांगों के समर्थन में नारेबाजी की और सरकार से OBC आरक्षण से जुड़े मुद्दों पर कार्रवाई की मांग की।
फिलहाल रांची में स्थिति सामान्य बनी हुई है, जबकि खूंटी समेत अन्य जिलों में पुलिस प्रशासन संवेदनशील स्थानों पर नजर बनाए हुए है।






