PATNA : बिहार में आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर महागठबंधन ने अपनी रणनीति को धार देना शुरू कर दिया है। उपमुख्यमंत्री रहे और राजद नेता तेजस्वी यादव के सरकारी आवास पर महागठबंधन की अहम बैठक बुलाई गई है। इस बैठक में गठबंधन के सभी घटक दलों के शीर्ष नेता शामिल होंगे, बैठक का मुख्य एजेंडा साझा घोषणा-पत्र पर विमर्श करना है। सूत्रों के मुताबिक साझा घोषणा-पत्र में सभी दलों के प्रमुख मुद्दों को शामिल किया जाएगा लेकिन राजद और कांग्रेस के मुद्दों को प्रमुखता दिए जाने की संभावना है। इसमें माई-बहिन मान योजना के तहत हर महिला को 2500 रुपये मासिक भत्ता, सामाजिक पेंशन को 1500 रुपये तक बढ़ाने, 200 यूनिट मुफ्त बिजली, 500 रुपये में गैस सिलेंडर, भू-हदबंदी कानून को लागू करने और निषाद समाज को अनुसूचित जाति में शामिल करने जैसे लोकलुभावन वादों को स्थान मिल सकता है।
गौरतलब है कि बीते कुछ महीनों में नीतीश कुमार के नेतृत्व वाली एनडीए सरकार ने कई योजनाएं और घोषणाएं कर महागठबंधन को बैकफुट पर ला दिया है। ऐसे में अब महागठबंधन के सामने एक ऐसा साझा घोषणा-पत्र तैयार करने की चुनौती है, जो सभी वर्गों को साध सके और सत्ताधारी गठबंधन को टक्कर दे सके। यह बैठक तेजस्वी यादव की अध्यक्षता में महागठबंधन की अब तक की पांचवीं अहम बैठक होगी। इससे पहले 12 जून को हुई बैठक में सभी घटक दलों ने साझा आंदोलन चलाने पर सहमति जताई थी। उस बैठक में तय हुआ था कि सभी दल अपनी पसंदीदा सीटों की सूची राजद को सौंपेंगे।
अब तक हुईं महागठबंधन की प्रमुख बैठकें:
17 अप्रैल: पहली बैठक में समन्वय समिति के गठन का निर्णय और तेजस्वी को कमान मिली।
24 अप्रैल: दूसरी बैठक में समिति के 21 सदस्य और पांच उप-समितियों का गठन तय हुआ।
4 मई: तीसरी बैठक में पंचायत स्तर तक समन्वय समिति के विस्तार पर सहमति बनी।
12 जून: चौथी बैठक में साझा आंदोलन और सीटों के बंटवारे को लेकर रणनीति बनी।






