रांची, 04 अगस्त। चेहल्लुम के अवसर पर मंगलवार को राजधानी रांची में शिया समुदाय की ओर से मातमी जुलूस निकाला गया। हजरत इमाम हुसैन और कर्बला के 72 शहीदों की याद में निकले इस जुलूस में हजारों की संख्या में अकीदतमंद शामिल हुए। पूरे शहर में ‘या हुसैन’ की सदाएं गूंजती रहीं।
अनवर आर्केड से शुरू हुआ जुलूस, कर्बला चौक पर हुआ समापन
मातमी जुलूस स्वर्गीय एडवोकेट सैयद यावर हुसैन के आवास अनवर आर्केड से शुरू हुआ। इसके बाद जुलूस मेन रोड, अंजुमन प्लाजा चौक, उर्दू लाइब्रेरी, डेली मार्केट, ओल्ड टैक्सी स्टैंड, गांधी चौक, काली मंदिर चौक, चर्च रोड, विक्रांत चौक होते हुए कर्बला चौक पहुंचा, जहां इसका समापन हुआ।
जुलूस के रास्ते में कई स्थानों पर लोगों ने स्वागत किया। अकीदतमंदों के लिए जगह-जगह पेयजल, फल और अन्य सुविधाओं की व्यवस्था की गई थी। जुलूस से पहले अनवर आर्केड में मजलिस-ए-गम का भी आयोजन किया गया।
मजलिस में इमाम हुसैन की शहादत को किया याद
मजलिस को संबोधित करते हुए मुंबई से आए मौलाना नसीर आजमी, मौलाना सैयद गुलाम अली नकवी और मौलाना शबीह गोपालपुरी ने कहा कि हजरत इमाम हुसैन ने अन्याय और अत्याचार के खिलाफ इंसानियत, सत्य और न्याय की रक्षा के लिए अपनी और अपने 72 साथियों की कुर्बानी दी।
उन्होंने कहा कि कर्बला का संदेश आज भी पूरी दुनिया को साहस, इंसाफ और मानवता के रास्ते पर चलने की प्रेरणा देता है।
कर्बला के संदेश को बताया मानवता का संदेश
आयोजक सैयद फराज अब्बास, इकबाल फातमी और नेहाल हुसैन सरियावी ने कहा कि मौजूदा दौर में नफरत, हिंसा और आतंकवाद के खिलाफ भाईचारे और मोहब्बत का संदेश फैलाने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि कर्बला का पैगाम किसी एक समुदाय तक सीमित नहीं, बल्कि पूरी मानवता के लिए है।

मजलिस के दौरान शायरों ने मर्सिया और कलाम पेश कर कर्बला की घटना को याद किया। फरमान जांगीपुरी, शबीह गोपालपुरी और अमीर गोपालपुरी के कलाम सुनकर माहौल गमगीन हो गया और कई अकीदतमंद भावुक हो उठे।
सुरक्षा को लेकर प्रशासन रहा अलर्ट
चेहल्लुम के जुलूस को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा। जुलूस के रूट पर भारी संख्या में पुलिस बल की तैनाती की गई थी। यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए कई स्थानों पर ट्रैफिक डायवर्जन भी लागू किया गया।
कई गणमान्य लोग रहे मौजूद
इस अवसर पर पूर्व केंद्रीय मंत्री सुबोधकांत सहाय, सेंट्रल मोहर्रम कमेटी के महासचिव अकीलुर रहमान, पार्षद गुलाम सरवर रिजवी, कांग्रेस नेता आलोक कुमार दुबे, हाजी साहब अली सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।






