गया: बिहार के गया जिले में पुलिस और अपराधियों के बीच मुठभेड़ का मामला सामने आया है। 45 लाख रुपये के आभूषण और नकदी लूटकांड में शामिल दो आरोपियों को पुलिस ने कार्रवाई के दौरान गोली मारकर घायल कर दिया। दोनों का इलाज मगध मेडिकल कॉलेज अस्पताल में चल रहा है।
देर रात हुई मुठभेड़
गया के एसएसपी सुशील कुमार के अनुसार, सोमवार रात करीब 12 बजे सूचना मिली थी कि गुरुआ लूटकांड से जुड़े अपराधी किसी नई वारदात को अंजाम देने की फिराक में हैं। सूचना के आधार पर आमस थाना क्षेत्र में घेराबंदी कर छापेमारी की गई।
पुलिस पर फायरिंग, जवाबी कार्रवाई
छापेमारी के दौरान आरोपियों को सरेंडर करने को कहा गया, लेकिन उन्होंने पुलिस पर गोलीबारी शुरू कर दी। आत्मरक्षा में पुलिस ने जवाबी कार्रवाई की, जिसमें दो अपराधियों के पैर में गोली लगी। तीन अन्य आरोपी अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गए, जिनकी तलाश जारी है।
मास्टरमाइंड सुजीत चौधरी घायल
घायल अपराधियों में लूटकांड का कथित मास्टरमाइंड सुजीत चौधरी भी शामिल है, जिसे दोनों पैरों में तीन गोलियां लगी हैं। दूसरे आरोपी को भी एक गोली लगी है। दोनों आरोपी शेरघाटी और आमस थाना क्षेत्र के निवासी बताए जा रहे हैं।
लूटकांड में संलिप्तता स्वीकार
पुलिस के अनुसार, दोनों आरोपियों ने गुरुआ बाजार में हुए लूटकांड में अपनी संलिप्तता स्वीकार की है। मौके से कुछ जेवरात भी बरामद किए गए हैं, हालांकि बरामद सामान की पूरी जानकारी अभी सामने नहीं आई है।
27 मई को हुई थी वारदात
गौरतलब है कि 27 मई को गुरुआ बाजार में व्यवसायी प्रभाकर बरनवाल को गोली मारकर करीब 45 लाख रुपये के जेवरात लूट लिए गए थे। इस घटना के बाद से पुलिस लगातार आरोपियों की तलाश में जुटी थी।
‘ऑपरेशन लंगड़ा’ के तहत कार्रवाई
बिहार पुलिस अपराधियों के खिलाफ ‘ऑपरेशन लंगड़ा’ चला रही है। इसके तहत मुठभेड़ की स्थिति में पुलिस जान से मारने के बजाय आरोपियों को पैर में गोली मारकर निष्क्रिय करने की कोशिश करती है।
आगे की कार्रवाई जारी
एसएसपी ने बताया कि घायल आरोपियों से पूछताछ की जा रही है, जिससे उनके गिरोह के अन्य सदस्यों के बारे में जानकारी जुटाई जा सके। इलाज के बाद दोनों को कोर्ट में पेश किया जाएगा। वहीं फरार अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है।






