—नक्सलवाद छोड़कर मुख्यधारा में लौट रहे सुरेश सिंह मुंडा ने सोमवारी हेमरम के साथ शुरू की नई जिंदगी, पुलिस और जिला प्रशासन की पहल पर हुआ विवाह
हजारीबाग, 28 अक्टूबर। झारखंड के हजारीबाग ओपन जेल में बुधवार को एक अनूठा विवाह समारोह आयोजित किया गया। पूर्व नक्सली कमांडर सुरेश सिंह मुंडा ने सोमवारी हेमरम के साथ विवाह कर जीवन की नई शुरुआत की। इस खास मौके पर पुलिस और जिला प्रशासन के अधिकारी बाराती बने और नवदंपती को सुखद वैवाहिक जीवन की शुभकामनाएं दीं।
रांची और तमाड़ क्षेत्र से जुड़ा है नवदंपती
जेल महानिरीक्षक सुदर्शन मंडल ने बताया कि रांची जिले के बुंडू थाना क्षेत्र के बारूहातू गांव निवासी पूर्व नक्सली कमांडर सुरेश सिंह मुंडा का विवाह तमाड़ क्षेत्र के अराहंगा गांव की रहने वाली सोमवारी हेमरम के साथ संपन्न हुआ। सुरेश सिंह मुंडा हजारीबाग ओपन जेल में बंद हैं। उनके विवाह को संपन्न कराने के लिए पुलिस और जिला प्रशासन ने विशेष पहल की थी।
अधिकारियों ने निभाई बाराती की भूमिका
विवाह समारोह में हजारीबाग पुलिस और जिला प्रशासन के कई अधिकारी शामिल हुए। जिला विवाह पदाधिकारी राजेश एक्का ने विवाह का पंजीकरण कराया। इस दौरान अधिकारियों ने बाराती की भूमिका निभाते हुए नवदंपती को नई जिंदगी की शुरुआत के लिए बधाई दी।

आत्मसमर्पित नक्सलियों के पुनर्वास पर जोर
अधिकारियों के अनुसार, राज्य की पुलिस महानिदेशक तदाशा मिश्रा के निर्देश पर विवाह संपन्न कराने की पहल की गई। इसका उद्देश्य आत्मसमर्पण कर चुके नक्सलियों के पुनर्वास को बढ़ावा देना और उन्हें समाज की मुख्यधारा से जोड़ना है।
प्रशासन की इस पहल को पूर्व नक्सलियों के सामाजिक पुनर्वास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। ऐसी पहल से समाज की मुख्यधारा में लौटने वाले लोगों को सामान्य जीवन शुरू करने के लिए प्रोत्साहन मिलने की उम्मीद है।






