भागलपुर, 15 सितंबर। भारतीय जनता पार्टी के श्रीनारायण साह मंडल अध्यक्ष उमा भूषण तांती उर्फ पप्पू तांती हत्याकांड में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस के बढ़ते दबाव के बीच मामले के मुख्य साजिशकर्ता और नामजद आरोपित पूर्व पार्षद शशि मोदी ने मंगलवार को भागलपुर न्यायालय में आत्मसमर्पण कर दिया।
न्यायिक दंडाधिकारी की अदालत में सरेंडर
शशि मोदी ने न्यायिक दंडाधिकारी सद्दाफ मुस्तफा की अदालत में आत्मसमर्पण कर खुद को कानून के हवाले किया। आत्मसमर्पण के बाद पुलिस अब उसे रिमांड पर लेकर हत्याकांड से जुड़े बिंदुओं पर पूछताछ करने की तैयारी में है।
पत्नी की गिरफ्तारी के बाद बढ़ा था पुलिस का दबाव
शशि मोदी की पत्नी और वार्ड संख्या-51 की वर्तमान पार्षद दीपिका कुमारी को पुलिस ने दो दिन पहले हत्या की साजिश में कथित संलिप्तता के आरोप में गिरफ्तार कर जेल भेजा था। इसके बाद पुलिस की कई विशेष टीमें शशि मोदी की तलाश में उसके संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर रही थीं।
पुलिस की लगातार कार्रवाई और बढ़ते दबाव के बीच शशि मोदी ने मंगलवार को अदालत में आत्मसमर्पण कर दिया।
11 सितंबर को दिनदहाड़े हुई थी भाजपा नेता की हत्या
उमा भूषण तांती की हत्या 11 सितंबर को बबरगंज थाना क्षेत्र के कुतूबगंज कुम्हार टोली के समीप हुई थी। बताया गया कि सुबह करीब 10 बजे बाइक सवार दो अपराधियों ने दिनदहाड़े भाजपा मंडल अध्यक्ष को गोली मार दी।
गोलीबारी की घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई थी। परिजन गंभीर रूप से घायल उमा भूषण तांती को तत्काल जवाहरलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

हत्याकांड की साजिश की जांच में जुटी पुलिस
पुलिस हत्या के पीछे की पूरी साजिश और इसमें शामिल अन्य आरोपितों की भूमिका की जांच कर रही है। पुलिस का कहना है कि शशि मोदी से पूछताछ के बाद हत्याकांड से जुड़े कई महत्वपूर्ण तथ्यों का खुलासा हो सकता है।
रिमांड पर लेकर होगी पूछताछ
शशि मोदी के आत्मसमर्पण के बाद पुलिस अब न्यायालय से उसे रिमांड पर लेने की प्रक्रिया शुरू करेगी। रिमांड के दौरान हत्या की कथित साजिश, अपराधियों से संपर्क और घटना से जुड़े अन्य पहलुओं पर पूछताछ की जाएगी। पुलिस अन्य आरोपितों की भूमिका और घटना में उनकी संलिप्तता की भी जांच कर रही है।






