पलामू, 30 सितंबर । झारखंड के पलामू जिले के मनातू में प्रखंड विकास पदाधिकारी सह अंचल अधिकारी मदन कुमार सुमन को सोशल मीडिया के जरिए गोली मारने की धमकी दिए जाने का मामला सामने आया है। सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में अधिकारी को गोली मारने की धमकी दी गई है। घटना के बाद प्रशासनिक स्तर पर सतर्कता बढ़ा दी गई है।
सोशल मीडिया पोस्ट में दी गई धमकी
अंचल अधिकारी मदन कुमार सुमन के अनुसार, सोशल मीडिया पर किए गए एक पोस्ट में उन्हें गोली मारने की बात लिखी गई है। धमकी सामने आने के बाद प्रशासनिक और पुलिस स्तर पर मामले को गंभीरता से लिया जा रहा है।
अधिकारी ने आशंका जताई है कि यह धमकी जमीन विवाद से जुड़े एक मामले की न्यायिक सुनवाई को लेकर दी गई हो सकती है। इस मामले में गुरुवार को एक बार फिर सुनवाई होनी है।
जमीन विवाद की सुनवाई से जोड़कर देख रहे अधिकारी
मदन कुमार सुमन ने बताया कि जमीन विवाद से जुड़े मामले की सुनवाई उनके स्तर पर चल रही है। इसी को लेकर धमकी दिए जाने की आशंका जताई जा रही है।
हालांकि, धमकी देने वाले व्यक्ति की पहचान और धमकी के वास्तविक कारण को लेकर अभी स्थिति स्पष्ट नहीं है। पुलिस जांच के बाद ही इसके पीछे की वजह सामने आ सकेगी।
थाना प्रभारी को दिया जाएगा लिखित आवेदन
BDO-सह-CO ने बुधवार को बताया कि मामले में कानूनी कार्रवाई की तैयारी की जा रही है। उन्होंने कहा कि इस संबंध में थाना प्रभारी को लिखित आवेदन दिया जाएगा।
समाचार भेजे जाने तक मामले में प्राथमिकी दर्ज नहीं कराई गई थी। आवेदन मिलने के बाद पुलिस की ओर से मामले की जांच और आवश्यक कानूनी कार्रवाई किए जाने की संभावना है।
धमकी के बाद प्रशासन सतर्क
सोशल मीडिया पर धमकी सामने आने के बाद प्रशासनिक स्तर पर सतर्कता बढ़ा दी गई है। अधिकारी की सुरक्षा और मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए संबंधित स्तर पर स्थिति पर नजर रखी जा रही है।
प्रशासन यह भी पता लगाने का प्रयास करेगा कि धमकी देने वाला व्यक्ति कौन है और सोशल मीडिया पर पोस्ट किस खाते या माध्यम से किया गया।
मनातू में पहले भी मिल चुकी हैं नक्सली धमकियां
मनातू क्षेत्र पहले भी नक्सली धमकियों को लेकर चर्चा में रहा है। वर्ष 2022-23 में तत्कालीन बीडीओ को टीएसपीसी संगठन की ओर से धमकी मिलने का मामला सामने आया था।
उस मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए कई नक्सलियों को गिरफ्तार किया था। इससे पहले भी क्षेत्र में सरकारी अधिकारियों को धमकी दिए जाने के मामले सामने आते रहे हैं।
1995 में तत्कालीन BDO की हुई थी हत्या
मनातू में सरकारी अधिकारियों को लेकर सुरक्षा से जुड़ा एक पुराना गंभीर मामला भी रहा है। वर्ष 1995 में तत्कालीन BDO भवनाथ झा को नक्सलियों की ओर से धमकी मिली थी। बताया जाता है कि धमकी मिलने के अगले ही दिन उनकी हत्या कर दी गई थी।
पुरानी घटनाओं को देखते हुए मौजूदा धमकी के बाद प्रशासन और पुलिस की सतर्कता बढ़ गई है।
लंबे समय तक नक्सल प्रभावित रहा है इलाका
मनातू क्षेत्र लंबे समय तक नक्सल प्रभावित इलाके के रूप में जाना जाता रहा है। क्षेत्र में पहले नक्सली गतिविधियों से जुड़ी घटनाएं सामने आती रही हैं।
इसके अलावा इलाका अफीम (डोडा) की खेती को लेकर भी चर्चा में रहा है। भौगोलिक रूप से बिहार के गया और झारखंड के चतरा से सटा होने के कारण मनातू को संवेदनशील क्षेत्र माना जाता है।
पुलिस जांच के बाद साफ होगी धमकी की वजह
फिलहाल सोशल मीडिया पर दी गई धमकी के मामले में प्राथमिकी दर्ज होने और पुलिस जांच का इंतजार है। अधिकारी की ओर से थाना प्रभारी को लिखित आवेदन दिए जाने के बाद पुलिस पोस्ट की सत्यता, सोशल मीडिया अकाउंट और धमकी देने वाले व्यक्ति की पहचान की जांच कर सकती है।
प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए सतर्कता बढ़ा दी है। गुरुवार को जमीन विवाद से जुड़े मामले की सुनवाई भी होनी है, जिसके मद्देनजर सुरक्षा व्यवस्था पर भी नजर रखी जा रही है।






