Your Brand Here
Limited time offer
Shop Now →

संसद में सीतारमण का बयान—करदाताओं को राहत, रोजगार और विकास पर सरकार का फोकस

Your Brand Here
Limited time offer
Shop Now →

Share

नई दिल्ली। केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बुधवार को लोकसभा में वित्त विधेयक 2026 पर चर्चा का जवाब देते हुए कहा कि सरकार एमएसएमई, किसानों और सहकारी समितियों को सशक्त बना रही है। सीतारमण ने सदन को बताया कि रोजगार और विकास के केंद्र में हैं। उन्होंने भारत को एक विकसित राष्ट्र बनाने के लिए डिजिटल, इलेक्ट्रॉनिक्स और रक्षा जैसे प्रमुख क्षेत्रों को समर्थन देने की प्रतिबद्धता जताई।

उन्होंने कहा कि भारत में सुधार किसी दबाव में नहीं, बल्कि दृढ़ विश्वास के साथ किए जा रहे हैं और देश रिफॉर्म एक्सप्रेस पर आगे बढ़ रहा है। सरकार विश्वास के साथ सुधार कर रही है और टैक्स सिस्टम को आसान बनाया जा रहा है। ईमानदार करदाताओं को राहत, 17 जीवनरक्षक दवाओं पर कस्टम ड्यूटी खत्म और छोटे टैक्सपेयर्स के लिए ऑनलाइन प्रक्रिया लागू की गई है। उन्होंने कहा कि सरकार का फोकस भरोसे पर आधारित टैक्स सिस्टम बनाने पर है, जिसके तहत ईमानदार करदाताओं के लिए परेशानियां कम की जा रही हैं। टैक्स प्रशासन को अधिक पारदर्शी और आसान बनाने के लिए कई कदम उठाए गए हैं।

- Sponsored -
Your Brand Here
Limited time offer
Shop Now →

केंद्रीय वित्त मंत्री ने कहा कि करदाता पुनर्मूल्यांकन की प्रक्रिया शुरू होने के बाद भी अपने रिटर्न को अपडेट कर सकते हैं। वित्त मंत्री ने कहा कि आमतौर पर, एक बार ऐसी प्रक्रिया शुरू हो जाने के बाद, रिटर्न में सुधार नहीं किया जा सकता। वित्त मंत्री ने आम लोगों को राहत देने के लिए 17 जरूरी जीवनरक्षक दवाओं को बेसिक कस्टम ड्यूटी से मुक्त करने का भी एलान किया। इससे इन दवाओं की कीमतें कम होने की उम्मीद है और मरीजों को सीधा फायदा मिलेगा। उन्होंने कहा कि छोटे करदाताओं के लिए भी प्रक्रिया को आसान बनाया गया है। अब कम या शून्य टीडीएस सर्टिफिकेट पाने के लिए नियम-आधारित ऑटोमेटेड ऑनलाइन सिस्टम लागू किया गया है, जिससे समय और जटिलता दोनों कम होंगे।

इसके अलावा सीतारमण ने स्पष्ट किया कि केंद्र सरकार द्वारा वसूले गए सेस और सरचार्ज से अधिक राशि राज्यों के लिए विभिन्न योजनाओं के तहत खर्च की जा रही है, जिससे राज्यों को वित्तीय सहयोग मिलता है। उन्होंने कहा कि कृषि, मत्स्य पालन और सहकारिता को मज़बूत करने के लिए इस वित्त विधेयक में कई उपाय किए गए हैं। प्राथमिक सहकारी समितियों को अभी अपने संघीय सहकारी समितियों को दूध, फल और सब्जियां सप्लाई करने पर टैक्स में छूट मिलती है।

- Sponsored -
Your Brand Here
Limited time offer
Shop Now →
Your Brand Here
Limited time offer
Shop Now →

Share this article

Facebook
Twitter X
WhatsApp
Telegram
 
August 2026
M T W T F S S
 12
3456789
10111213141516
17181920212223
24252627282930
31