जहानाबाद से गेहूं अधिप्राप्ति की शुरुआत, 15 जून तक चलेगा अभियान
गेहूं बिक्री के बाद किसानों को 48 घंटों के भीतर राशि का होगा भुगतान
पटना: राज्य में सरकारी स्तर पर गेहूं की खरीदारी हुई शुरू हो गई है। बुधवार को जहानाबाद जिले के किनारी पैक्स में “रबी विपणन मौसम 2026-27” के अंतर्गत राज्य में गेहूं अधिप्राप्ति का शुभारंभ सहकारिता मंत्री विभाग डॉ. प्रमोद कुमार ने किया।
इस अवसर पर उन्होंने ने कहा कि राज्य सरकार किसानों को उनकी उपज का सरकार द्वारा निर्धारित न्यूनतम समर्थन मूल्य दिलाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। पैक्सों एवं व्यापार मंडलों के माध्यम से राज्य में गेहूं अधिप्राप्ति का कार्य प्रारंभ किया गया है ताकि राज्य के किसानों को उनके गेहूं का न्यूनतम समर्थन मूल्य की राशि गेहूं बिक्री के 48 घंटे के भीतर उनके ना८मित के खाते में किया जा सके तथा किसानों को गेहूं की बिक्री के लिए बिचौलियों पर निर्भर न रहना पड़े।
रबी विपणन मौसम 2026-27 के अंतर्गत राज्य में गेहूं अधिप्राप्ति का कार्य 1 अप्रैल 2026 से प्रारंभ होकर 15 जून 2026 तक पैक्स, व्यापार मंडलों एवं केन्द्रीय एजेन्सी भारतीय खाद्य निगम के द्वारा संचालित किया जायेगा। भारत सरकार द्वारा निर्धारित गेहूं के न्यूनतम समर्थन मूल्य 2,585 रूपया प्रति क्विंटल की दर से गेहूं की खरीददारी की जायेगी, जो पिछले वर्ष की तुलना में 160 रूपये प्रति क्विंटल अधिक है।
इस वर्ष राज्य में गेहूं अधिप्राप्ति का कुल निर्धारित लक्ष्य 0.18 लाख मीट्रिक टन है। इसके लिए पंचायत स्तर पर पैक्स एवं प्रखण्ड स्तर पर व्यापार मंडल को अधिप्राप्ति अधिकरण के रूप में अधिकृत किया गया है। इसके अतिरिक्त भारतीय खाद्य निगम को भी राज्य में चिन्हित प्रखण्डों में गेहूं अधिप्राप्ति के लिए अधिकृत किया गया है। पैक्स/व्यापार मंडलों में गेहूं बिक्री के बाद किसानों को 48 घंटों के भीतर पीएफएमएस प्रणाली के माध्यम से उनके नामित बैंक खाते में 48 घंटे के अंदर राशि का भुगतान किया जायेगा। किसान अपनी सुविधा के अनुसार अपने पंचायत के पैक्स अथवा व्यापार मंडल में गेहूं की बिक्री कर सकता है।
धान खरीदारी में मिली शानदार सफलता
“खरीफ विपणन मौसम 2025-26” के अंतर्गत राज्य में धान अधिप्राप्ति का कार्य उल्लेखनीय सफलता के साथ संपन्न हुआ है। भारत सरकार द्वारा “खरीफ विपणन मौसम 2025-26” के अंतर्गत धान अधिप्राप्ति के कुल निर्धारित लक्ष्य 36.85 लाख मीट्रिक टन के विरुद्ध 36.79 लाख मीट्रिक टन धान की अधिप्राप्ति की गई, जो लक्ष्य का 99.84 प्रतिशत है। राज्य में रोहतास जिले में सबसे ज्यादा 3,28,977 मीट्रिक टन, कैमुर जिले से 2,34,383 मीट्रिक टन, औरंगाबाद में 1,80,902 मीट्रिक टन, गयाजी में 1,73,277 मीट्रिक टन तथा पूर्वी चम्पारण में 1,46,599 मीट्रिक टन धान की अधिप्राप्ति की गई। इस वर्ष विशेष रूप से छोटे एवं मंझौले किसानों की भागीदारी अधिक रही है। औसतन प्रत्येक किसान से 67.61 क्विंटल धान की अधिप्राप्ति की गई। इस अवधि में कुल 5,40,474 किसानों ने अपने धान की बिक्री पैक्स एवं व्यापार मंडलों के माध्यम से की। इनमें से 5,07,476 किसानों (94%) को उनके धान का भुगतान किया जा चुका है, जबकि शेष किसानों को उनके नामित खाते में भुगतान की प्रक्रिया तीव्र गति से जारी है।





