अलगाववादी नेता शब्बीर शाह को टेरर फंडिंग मामले में सुप्रीम कोर्ट से मिली जमानत

Share

नई दिल्ली। उच्चतम न्यायालय ने टेरर फंडिंग के मामले में जेल में बंद अलगाववादी नेता शब्बीर शाह को जमानत दे दी है। जस्टिस विक्रम नाथ की अध्यक्षता वाली पीठ ने जमानत देने का आदेश दिया।

सुनवाई के दौरान उच्चतम न्यायालय ने राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) की ओर से शब्बीर शाह के 1990 के भड़काऊ भाषणों को आधार बनाने पर सवाल खड़े किए थे। कोर्ट ने एनआईए से कहा था कि आपने इन भाषणों को 2019 में निकाला और अब कह रहे हैं कि वे भड़काऊ हैं।

दरअसल, एनआईए के वकील सिद्धार्थ लूथरा ने अपनी दलीलों में शब्बीर शाह के भाषणों के ट्रांसक्रिप्ट और वीडियो का जिक्र किया था। इस पर जस्टिस विक्रम नाथ ने पूछा कि वो भाषण कब के हैं। तब लूथरा ने कहा कि वे 1990 के हैं। तब कोर्ट ने कहा था कि ये कोई नया भाषण नहीं है, ये 30-35 साल पुराने हैं।

उच्चतम न्यायालय ने 4 सितंबर, 2025 काे एनआईए को नोटिस जारी किया था। शब्बीर शाह के वकील कॉलिन गोंजाल्वेस ने कहा था कि याचिकाकर्ता गंभीर रुप से बीमार है। इस मामले में चार्जशीट दाखिल की जा चुकी है और जांच पूरी हो चुकी है। एनआईए की ओर से दाखिल पहली पूरक चार्जशीट में शब्बीर शाह के नाम का जिक्र भी नहीं है। इस मामले में जल्द ट्रायल पूरी होने की भी उम्मीद नहीं है क्योंकि इस मामले में 400 गवाह हैं।

दिल्ली उच्च न्यायालय ने 12 जून, 2025 को शब्बीर शाह की जमानत याचिका खारिज कर दी थी। फिलहाल, शब्बीर शाह तिहाड़ जेल में दो मामलों में जेल में बंद है। एक मामला टेरर फंडिंग का है और दूसरा मनी लांड्रिंग का। शब्बीर शाह के खिलाफ 2005 के मनी लांड्रिंग के केस में 2007 में केस दर्ज किया गया था। शब्बीर शाह को 25 जुलाई, 2017 को ईडी ने गिरफ्तार किया था।

Share this article

Facebook
Twitter X
WhatsApp
Telegram
 
November 2026
M T W T F S S
 1
2345678
9101112131415
16171819202122
23242526272829
30