पटना, 10 सितंबर । संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की ओर से आयोजित होने वाली NDA एवं NA परीक्षा-II 2026 और CDS परीक्षा-II 2026 के सुचारू संचालन के लिए बिहार सरकार ने बिहार प्रशासनिक सेवा के 15 अधिकारियों को प्रतिनियुक्त किया है। सामान्य प्रशासन विभाग ने इस संबंध में आधिकारिक आदेश जारी कर दिया है।
13 सितंबर को होगी परीक्षा
UPSC की ओर से NDA एवं NA परीक्षा-II और CDS परीक्षा-II का आयोजन 13 सितंबर 2026 को किया जाएगा। परीक्षा के सफल और शांतिपूर्ण संचालन के लिए राज्य सरकार ने विभिन्न विभागों में कार्यरत 15 प्रशासनिक अधिकारियों को जिला अधिकारी कार्यालयों में प्रतिनियुक्त किया है।
इन अधिकारियों की जिम्मेदारी परीक्षा केंद्रों पर आवश्यक प्रशासनिक व्यवस्था सुनिश्चित करने और परीक्षा के दौरान समुचित संचालन में सहयोग करने की होगी।
ग्रामीण विकास और अन्य विभागों के अधिकारी
प्रतिनियुक्त अधिकारियों में ग्रामीण विकास विभाग के विशेष कार्य पदाधिकारी नलिन प्रताप राणा और विशाल आनंद शामिल हैं। वहीं लघु जल संसाधन विभाग के उपसचिव अमित कुमार तथा समाज कल्याण विभाग के विशेष कार्य पदाधिकारी हर्ष प्रियदर्शी को भी जिम्मेदारी दी गई है।
ऊर्जा, पर्यटन और गन्ना उद्योग विभाग से भी अधिकारी
ऊर्जा विभाग के उपसचिव राजकिशोर लाल, पर्यटन विभाग के विशेष कार्य पदाधिकारी शंभू नाथ और गन्ना उद्योग विभाग के उपसचिव धीरेंद्र कुमार को भी परीक्षा संचालन के लिए प्रतिनियुक्त किया गया है।
खान, सहकारिता और पशु संसाधन विभाग के अधिकारी
खान एवं भूतत्व विभाग की विशेष कार्य पदाधिकारी ऐश्वर्या कश्यप, सहकारिता विभाग की विशेष कार्य पदाधिकारी स्मृति कुमारी और डेयरी, पशु एवं मत्स्य संसाधन विभाग के उपसचिव अनिल कुमार भी प्रतिनियुक्त किए गए हैं।
शिक्षा, भवन निर्माण और अन्य विभागों से भी तैनाती
शिक्षा विभाग के उपसचिव शिशिर कुमार मिश्र, भवन निर्माण विभाग के विशेष कार्य पदाधिकारी ललित कुमार सिंह, सूचना एवं जनसंपर्क विभाग के विशेष कार्य पदाधिकारी यशवंत कुमार और कला एवं संस्कृति विभाग की विशेष कार्य पदाधिकारी अमृता प्रीतम को भी परीक्षा संचालन की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
पारदर्शी परीक्षा संचालन पर जोर
राज्य सरकार की ओर से विभिन्न विभागों के 15 प्रशासनिक अधिकारियों की प्रतिनियुक्ति का उद्देश्य UPSC की परीक्षाओं का व्यवस्थित और सुचारू संचालन सुनिश्चित करना है। अधिकारियों की तैनाती से परीक्षा केंद्रों पर प्रशासनिक व्यवस्था मजबूत होने और अभ्यर्थियों को बेहतर सुविधा मिलने की उम्मीद है।






