तेहरान/वाशिंगटन/बेरूत, 28 जून । चंद दिनों की शांति के बाद मध्य पूर्व में एक बार फिर तनाव बढ़ गया है। होर्मुज जलडमरूमध्य के पास एक कमर्शियल जहाज पर ड्रोन हमले के बाद अमेरिका ने लगातार दूसरे दिन ईरान पर बमबारी की। इस कार्रवाई ने पूरे खाड़ी क्षेत्र में हालात को बेहद संवेदनशील बना दिया है।
ईरान के कई तटीय इलाकों पर अमेरिकी हमला
अमेरिका ने सिरिक शहर, बंदर-ए-लेंघे और केशम द्वीप सहित कई रणनीतिक ठिकानों को निशाना बनाया। अमेरिकी मध्य कमान (सेंटकॉम) के अनुसार, कुल 10 सैन्य ठिकानों पर हमले किए गए। इन हमलों में मिसाइल और ड्रोन स्टोरेज साइट्स के साथ-साथ तटीय रडार सुविधाओं को भी टारगेट किया गया।
बहरीन और कुवैत में सायरन, जवाबी कार्रवाई जारी
अमेरिकी हमलों के जवाब में ईरान ने बहरीन और कुवैत में अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया। कुवैत की सेना ने पुष्टि की है कि मिसाइल और ड्रोन हमलों का जवाब दिया जा रहा है। दोनों देशों में हवाई हमले के सायरन बजने से दहशत का माहौल है।
आईआरजीसी की चेतावनी—करारा जवाब देंगे
ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने अमेरिकी हमलों की पुष्टि करते हुए कहा है कि देश के पांच तटीय इलाकों पर बमबारी की गई है। IRGC ने चेतावनी दी है कि किसी भी आक्रामकता का करारा जवाब दिया जाएगा और होर्मुज जलडमरूमध्य में नियमों का उल्लंघन करने वाले जहाजों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।
ट्रंप का बयान—ईरान ने किया युद्धविराम का उल्लंघन
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि यह कार्रवाई ईरान द्वारा युद्धविराम उल्लंघन के जवाब में की गई है। उन्होंने दावा किया कि पनामा के झंडे वाले एक तेल टैंकर पर हुए ड्रोन हमले के बाद यह कदम उठाया गया। इस टैंकर में 20 लाख बैरल से अधिक तेल लदा था।
लेबनान में भी बढ़ा तनाव, इजराइल की बमबारी
इस बीच, लेबनान में भी हालात बिगड़ गए हैं। एक दिन पहले हुए शांति समझौते के बावजूद इजराइल ने दक्षिणी लेबनान पर बमबारी की, जिसमें कम से कम एक व्यक्ति की मौत हो गई। लेबनान के राष्ट्रपति जोसेफ आउन ने अमेरिका से हस्तक्षेप की मांग की है।
हिजबुल्लाह ने समझौता ठुकराया
ईरान समर्थित संगठन हिजबुल्लाह ने इजराइल के साथ हुए समझौते को खारिज करते हुए इसे “संप्रभुता का आत्मसमर्पण” बताया है। इससे क्षेत्र में शांति की संभावनाओं को बड़ा झटका लगा है।
बहरीन और कुवैत में अमेरिकी ठिकानों पर हमला
IRGC के अनुसार, ईरानी सेना ने कुवैत के अली अल सलेम एयरबेस और बहरीन के पोर्ट सलमान स्थित अमेरिकी नौसैनिक बेड़े पर बैलिस्टिक मिसाइल और ड्रोन से हमला किया। इन हमलों को अमेरिकी बमबारी का जवाब बताया गया है।
फरवरी से जारी है संघर्ष, बातचीत पर लगा ब्रेक
यह संघर्ष फरवरी के अंत से जारी है, जब अमेरिका ने ईरान के खिलाफ बड़े सैन्य अभियान की शुरुआत की थी। हाल ही में स्विट्जरलैंड में दोनों देशों के बीच शांति वार्ता शुरू हुई थी, लेकिन ताजा घटनाओं के बाद यह प्रक्रिया फिर बाधित हो गई है।
मध्य पूर्व में गहराया संकट
लगातार हो रहे हमलों और जवाबी कार्रवाई से पूरे मध्य पूर्व में तनाव चरम पर पहुंच गया है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि जल्द ही कूटनीतिक समाधान नहीं निकला, तो यह संघर्ष व्यापक युद्ध का रूप ले सकता है।






