—गोपालगंज की सीजेएम अदालत ने पांच दोषियों को सुनाई सजा, चार पर 10-10 हजार रुपये का जुर्माना; स्पीडी ट्रायल में छह महीने में पूरी हुई सुनवाई
गोपालगंज। बिहार के गोपालगंज स्थित प्रसिद्ध मां थावे भवानी मंदिर में चोरी के मामले में अदालत ने पांच दोषियों को सजा सुनाई है। सीजेएम भारती कुमारी की अदालत ने मामले की सुनवाई पूरी होने के बाद चार दोषियों को सात-सात साल के सश्रम कारावास की सजा सुनाई। इन सभी पर 10-10 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है। वहीं, पांचवें दोषी को तीन साल की सजा सुनाई गई है।
नवरात्रि के दौरान आए इस फैसले की मंदिर के श्रद्धालुओं के बीच चर्चा है। मामले को स्पीडी ट्रायल के तहत चलाया गया था, ताकि आरोपियों के खिलाफ कानूनी प्रक्रिया जल्द पूरी की जा सके।
17 दिसंबर 2025 को मंदिर में हुई थी चोरी
मां थावे भवानी मंदिर में 17 दिसंबर 2025 को चोरी की वारदात हुई थी। चोर मंदिर में घुसकर तिजोरी और दानपात्र में रखे आभूषण, मुकुट और अन्य कीमती सामान लेकर फरार हो गए थे। घटना के बाद जिले में आक्रोश फैल गया था।
वारदात के बाद पुलिस ने जांच शुरू की और साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा। इसके बाद मामले को स्पीडी ट्रायल के तहत अदालत में चलाया गया।
इन पांच दोषियों को सुनाई गई सजा
अदालत ने मामले में पांच आरोपितों को दोषी करार देते हुए सजा सुनाई। दोषियों की पहचान इस प्रकार है:
- दीपक राय: उत्तर प्रदेश के गाजीपुर जिले के जमनिया क्षेत्र के बेटावर कला गांव निवासी देवानंद राय का पुत्र।
- गुड्डन साईं उर्फ गुडल साईं: गोपालगंज के नगर थाना क्षेत्र के आरार गांव निवासी स्वर्गीय गुलाब साईं का पुत्र।
- शरीफ साईं: गोपालगंज के आरार गांव निवासी स्वर्गीय गुलाब साईं का पुत्र।
- इजमामुल आलम: पूर्वी चंपारण जिले के गोविंदगंज थाना क्षेत्र के राजेपुर गांव निवासी अनवर अंसारी का पुत्र।
- एजाज अली: सिवान जिले के छोटपुर निवासी अख्तर अली का पुत्र।
छह महीने में पूरी हुई सुनवाई

एसडीपीओ आनंद शंकर शर्मा ने बताया कि पुलिस ने मामले को स्पीडी ट्रायल के तहत रखा था। उनके अनुसार, आरोपितों के हिरासत में रहने के दौरान छह महीने में सुनवाई पूरी कराई गई और दोषियों को सजा दिलाई गई।
उन्होंने कहा कि नए आपराधिक कानूनों के तहत समयबद्ध जांच और सुनवाई की दिशा में यह एक उदाहरण है। मंदिर में चोरी के इस मामले में अदालत के फैसले को पुलिस की जांच और त्वरित सुनवाई के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।





