पटना। उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि राज्य में रोजगार सृजन और औद्योगिक विकास को गति देने के लिए जमुई जिले में 6 हजार करोड़ रुपये की लागत से स्टील प्लांट स्थापित करने की दिशा में काम किया जा रहा है। इसके साथ ही भीमबांध और कुंड घाट को इको टूरिज्म के रूप में विकसित किया जाएगा, जिससे क्षेत्र में पर्यटन और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। वहीं नवादा में परमाणु ऊर्जा संयंत्र स्थापित करने की दिशा में काम किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के साथ समृद्धि यात्रा के दौरान जमुई और नवादा पहुंचे उपमुख्यमंत्री चौधरी ने जमुई के लछुआर में आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए कहा कि वर्ष 2005 से पहले बिहार में बुनियादी सुविधाओं का गंभीर अभाव था। उस समय सड़क, बिजली, पानी, स्वास्थ्य और शिक्षा जैसी सुविधाएं पर्याप्त नहीं थीं। उन्होंने कहा कि तब राज्य में केवल 6 हजार किलोमीटर सड़कें थीं, जो अब बढ़कर 1 लाख 40 हजार किलोमीटर हो गई हैं।
उन्होंने कहा कि बिहार का बजट पहले लगभग 23 हजार करोड़ रुपये था, जो अब बढ़कर साढ़े तीन लाख करोड़ रुपये का हो चुका है। बिजली के क्षेत्र में भी बड़ा बदलाव आया है। पहले जहां केवल 17 लाख बिजली उपभोक्ता थे, अब यह संख्या बढ़कर 2 करोड़ 16 लाख हो गई है। राज्य में 22 से 24 घंटे बिजली आपूर्ति हो रही है और 125 यूनिट तक मुफ्त बिजली दी जा रही है, जिससे लगभग 88 प्रतिशत परिवारों का बिजली बिल पिछले सात महीने से शून्य आ रहा है।
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना के तहत 1 करोड़ 81 लाख महिलाओं को 10 हजार रुपये देकर उन्हें आत्मनिर्भर बनाया गया है। आज जीविका समूहों से जुड़ी महिलाएं राज्य की अर्थव्यवस्था में 1 लाख 26 हजार करोड़ रुपये का योगदान दे रही हैं।
उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य अगले पांच वर्षों में एक करोड़ लोगों को नौकरी और रोजगार उपलब्ध कराना है। इसके लिए राज्य के सभी जिलों में उद्योग स्थापित किए जा रहे हैं, ताकि स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ें और पलायन पूरी तरह समाप्त हो सके।
सम्राट चौधरी ने कहा कि जमुई की पहचान पहले नक्सल प्रभावित क्षेत्र के रूप में होती थी, लेकिन एनडीए सरकार ने नक्सलवाद को समाप्त कर यहां विकास का माहौल बनाया है। अब जमुई पर्यटन के क्षेत्र में भी उभर रहा है। कुंड घाट जलाशय का उद्घाटन किया गया है और बरनार जलाशय को विकसित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि स्टील प्लांट और इथेनॉल प्लांट स्थापित होने के बाद लोगों को रोजगार के लिए बाहर नहीं जाना पड़ेगा।
वहीं नवादा के आईटीआई मैदान में आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए उपमुख्यमंत्री ने कहा कि नवादा की पहचान भी कभी नक्सल प्रभावित क्षेत्र के रूप में थी, लेकिन अब यहां शांति और विकास का माहौल है।
उन्होंने कहा कि राज्य में विकास का रास्ता सड़कों से होकर गुजरता है और आज बिहार की सड़कों की स्थिति पूरी तरह बदल चुकी है।
उन्होंने बताया कि नवादा में मेडिकल कॉलेज का निर्माण हो रहा है और पानी की समस्या को दूर करने के लिए गंगा से जलापूर्ति की व्यवस्था की गई है। फुलवरिया डैम को विकसित किया जा रहा है और बड़े पैमाने पर मछली पालन को बढ़ावा दिया जा रहा है।
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि नवादा में परमाणु ऊर्जा संयंत्र स्थापित करने की दिशा में भी काम किया जा रहा है, जिससे सस्ती बिजली और बड़े स्तर पर रोजगार के अवसर उपलब्ध होंगे। उन्होंने विश्वास जताया कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के मार्गदर्शन में बिहार विकास की राह पर लगातार आगे बढ़ता रहेगा।





