रांची: झारखंड की राजनीति में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की पत्नी और गांडेय से विधायक कल्पना सोरेन को राज्यसभा भेजे जाने की चर्चाएं तेज हो गई हैं। हालांकि इस पर अभी तक कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है, लेकिन राजनीतिक गलियारों में इसे एक अहम रणनीतिक कदम माना जा रहा है।
सूत्रों के अनुसार, झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) कल्पना सोरेन को उच्च सदन में भेजकर पार्टी के राष्ट्रीय स्तर पर प्रभाव को मजबूत करना चाहती है। इसे पार्टी में नई नेतृत्व पंक्ति को स्थापित करने और संगठनात्मक संतुलन साधने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखा जा रहा है।
राज्यसभा में जाने से कल्पना सोरेन को झारखंड से जुड़े आदिवासी अधिकार, भूमि, खनिज संसाधन और सामाजिक न्याय जैसे मुद्दों को राष्ट्रीय मंच पर उठाने का अवसर मिलेगा। साथ ही, यह कदम महिला सशक्तिकरण और आदिवासी नेतृत्व को लेकर भी एक मजबूत राजनीतिक संदेश देगा।
इधर, राज्य में राज्यसभा की दो सीटों पर चुनाव होना है। शिबू सोरेन के निधन से एक सीट खाली हुई है, जबकि भाजपा के सांसद दीपक प्रकाश का कार्यकाल जून में समाप्त हो रहा है।
विधानसभा के मौजूदा समीकरण पर नजर डालें तो सत्तारूढ़ महागठबंधन के पास स्पष्ट बढ़त है। गठबंधन में शामिल झामुमो, कांग्रेस, राजद और भाकपा (माले) के कुल 56 विधायक हैं, जबकि एक सीट जीतने के लिए 28 वोटों की आवश्यकता होती है। ऐसे में यदि गठबंधन एकजुट रहता है तो दोनों सीटों पर जीत संभव मानी जा रही है।
हालांकि, भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के रुख पर भी सबकी नजरें टिकी हैं। पार्टी के कुछ नेताओं का मानना है कि पिछले चुनावों में त्याग करने के बाद इस बार एक सीट पर उनका दावा बनता है। सीट बंटवारे को लेकर संभावित खींचतान महागठबंधन के लिए चुनौती बन सकती है।
वहीं, विपक्षी भारतीय जनता पार्टी और उसके सहयोगियों के पास कुल 24 विधायक हैं, जो संख्या बल के लिहाज से पीछे हैं। ऐसे में बिना क्रॉस वोटिंग के उनके लिए सीट जीतना मुश्किल माना जा रहा है।
फिलहाल, राज्यसभा की दोनों सीटों को लेकर सियासी सरगर्मी तेज है। महागठबंधन के पास सुनहरा अवसर है, लेकिन अंतिम परिणाम गठबंधन के भीतर तालमेल और रणनीति पर निर्भर करेगा।
दो सीटों का गणित
इस बार झारखंड से दो सीटें खाली हो रही हैं:
- शिबू सोरेन के निधन से एक सीट खाली
- दीपक प्रकाश का कार्यकाल जून में समाप्त
विधानसभा गणित:
- महागठबंधन: 56 विधायक
- JMM: 34
- कांग्रेस: 16
- RJD: 4
- CPI(ML): 2
- एक सीट के लिए जरूरी वोट: 28
- यानी अगर गठबंधन एकजुट रहा, तो दोनों सीटें जीतना संभव है।





