हजारीबाग। हजारीबाग में विश्व विख्यात रामनवमी पर्व की प्रशासनिक तैयारियां तेज हो गई हैं। इसी कड़ी में झारखंड की पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) तदाशा मिश्रा बुधवार को हजारीबाग पहुंचीं। उन्होंने रामनवमी सहित अन्य आगामी त्योहारों के लिए सुरक्षा और प्रशासनिक व्यवस्था का जायजा लिया।
वहीं डीजीपी के आगमन से प्रशासनिक महकमे में सक्रियता बढ़ गई। अपने दौरे के दौरान डीजीपी ने रामनवमी जुलूस के प्रमुख मार्गों का निरीक्षण किया। उन्होंने इंद्रपुरी चौक, झंडा चौक, बड़ा अखाड़ा और जामा मस्जिद रोड सहित कई संवेदनशील स्थानों पर सुरक्षा व्यवस्था और तैयारियों का बारीकी से अवलोकन किया।
निरीक्षण के दौरान, डीजीपी ने पुलिस अधिकारियों और जिला प्रशासन के पदाधिकारियों से व्यवस्था की विस्तृत जानकारी ली, जहां भी उन्हें व्यवस्था में कमी या सुधार की आवश्यकता लगी, उन्होंने संबंधित अधिकारियों को तत्काल निर्देश दिया और जल्द समाधान सुनिश्चित करने को कहा।
मौके पर डीजीपी ने जोर देकर कहा कि पर्व-त्योहारों के दौरान सुरक्षा और शांति व्यवस्था बनाए रखना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। हजारीबाग की रामनवमी अपनी भव्यता और परंपरा के लिए पूरे देश में विख्यात है। यह पहली बार है जब झारखंड की डीजीपी खुद हजारीबाग पहुंचकर प्रशासनिक तैयारियों का जायजा ले रही हैं। यह दर्शाता है कि राज्य सरकार और पुलिस मुख्यालय इस पर्व को लेकर कोई लापरवाही नहीं बरतना चाहता।
वहीं मौके पर डीजीपी तदाशा मिश्रा ने मीडिया से भी बातचीत करते हुए कहा कि पर्व-त्योहारों के दौरान छोटी बातों को अनावश्यक महत्व देने के बजाय शांति और भाईचारे का माहौल बनाए रखना जरूरी है। उन्होंने यह भी कहा कि हजारीबाग की रामनवमी हमेशा से आपसी सौहार्द और भाईचारे का प्रतीक रही है और प्रशासन इस परंपरा को बनाए रखने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने दोनों समुदायों से मिल-जुलकर शांतिपूर्वक त्योहार मनाने की अपील की। उन्होंने मीडिया से भी आग्रह किया कि वे रामनवनी को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने में अपनी सकारात्मक भूमिका निभाएं।
डीजीपी के रामनवमी रूट के निरीक्षण के दौरान उनके साथ बोकारो रेंज के आईजी सुनील भक्कर, डीआईजी अंजनी झा , हजारीबाग उपयुक्त शशि प्रकाश सिंह, हजारीबाग पुलिस अधीक्षक अंजनी अंजन सहित जिले के पुलिस विभाग के सभी वरीय पुलिस पदाधिकारी मौजूद थेे।





