लोहरदगाः झारखंड में हजारीबाग के बाद लोहरदगा जिले के कुडू थाना क्षेत्र अंतर्गत उडूमुडू गांव में सरस्वती पूजा के बाद प्रतिमा भ्रमण के दौरान उपजे विवाद ने रविवार सुबह हिंसक रूप ले लिया। दो समुदायों के बीच हुई इस भिड़ंत में करीब 12 लोग घायल हो गए हैं। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक (एसपी) सादिक अनवर रिजवी के नेतृत्व में भारी पुलिस बल गांव में तैनात है और लगातार फ्लैग मार्च किया जा रहा है।
लोहरदगा के पुलिस अधीक्षक (एसपी) सादिक अनवर रिजवी ने बताया कि फिलहाल स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है। उन्होंने कहा कि पुलिस की प्राथमिकता गांव में शांति व्यवस्था बनाए रखना और आपसी भाईचारे को बहाल करना है। इसके लिए दोनों समुदायों के प्रतिनिधियों और स्थानीय लोगों से लगातार संवाद किया जा रहा है।
पुलिस प्रशासन की ओर से इलाके में लगातार गश्त की जा रही है। साथ ही आम लोगों से शांति बनाए रखने, अफवाहों पर ध्यान न देने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को देने की अपील की गई है, ताकि क्षेत्र में सौहार्द और कानून-व्यवस्था बनी रहे।

विवाद की वजह: घर से टकराई प्रतिमा वाली गाड़ी
घटना की पृष्ठभूमि शनिवार शाम को तैयार हुई। जानकारी के अनुसार, ग्रामीण मां सरस्वती की प्रतिमा को गाड़ी पर रखकर गांव में भ्रमण करा रहे थे। इसी दौरान गाड़ी अनजाने में दूसरे समुदाय के एक व्यक्ति के घर से टकरा गई। इस बात पर शुरू हुई कहासुनी मारपीट में बदल गई। हालांकि, शनिवार शाम को स्थानीय प्रबुद्ध लोगों के हस्तक्षेप से मामला शांत करा लिया गया था।
रविवार सुबह फिर भड़की हिंसा, घरों में तोड़फोड़
शनिवार की शांति रविवार सुबह अचानक टूट गई। आरोप है कि शनिवार के विवाद को लेकर एक पक्ष ने दूसरे पक्ष के घरों पर हमला कर दिया। इसके बाद दोनों ओर से जमकर लाठी-डंडे और पत्थर चले। इस खूनी संघर्ष में कई घरों में तोड़फोड़ की गई और दर्जन भर लोग लहूलुहान हो गए। घायलों का इलाज कुडू सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में चल रहा है, जहाँ सबकी स्थिति फिलहाल स्थिर है।





