—बिहार के सभी 264 नगर निकाय एक डिजिटल प्लेटफॉर्म से जुड़े, पहले चरण में 19 में से 10 मॉड्यूल शुरू; भवन नक्शा मंजूरी, ट्रेड लाइसेंस और शिकायत निवारण जैसी सेवाएं होंगी ऑनलाइन
पटना। बिहार में शहरी सेवाओं को डिजिटल, सरल, सुगम और पारदर्शी बनाने की दिशा में राज्य सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने शनिवार को लोक सेवा आवास स्थित ‘संकल्प’ सभागार में राष्ट्रीय शहरी डिजिटल मिशन के तहत राज्य के सभी नगर निकायों के लिए विकसित ‘यूपीयोग’ (UPYOG) पोर्टल का औपचारिक शुभारंभ किया। इस अवसर पर पोर्टल की कार्यप्रणाली पर आधारित लघु फिल्म दिखाई गई और मुख्यमंत्री के समक्ष इसका लाइव प्रदर्शन भी किया गया।
इस पोर्टल के जरिए नागरिकों को विभिन्न शहरी सेवाएं ऑनलाइन उपलब्ध कराई जाएंगी। नगर विकास एवं आवास विभाग की ओर से विकसित इस एकीकृत ई-गवर्नेंस प्लेटफॉर्म का उद्देश्य नगर निकायों की सेवाओं को डिजिटल बनाना और नागरिकों को सरकारी कार्यालयों के बार-बार चक्कर लगाने से राहत दिलाना है।
पहले चरण में शुरू हुए 10 प्रमुख मॉड्यूल
यूपीयोग पोर्टल के कुल 19 मॉड्यूल में से पहले चरण में 10 प्रमुख मॉड्यूल शुरू किए गए हैं। इनमें विज्ञापन प्रबंधन, ट्रेड लाइसेंस, जल एवं सीवरेज कनेक्शन प्रबंधन, परिसंपत्ति प्रबंधन, वाहन बेड़ा प्रबंधन, नगरपालिका लेखा एवं वित्त प्रबंधन, भवन नक्शा स्वीकृति, विधि मॉड्यूल, सामग्री प्रबंधन और लोक शिकायत निवारण शामिल हैं।
राज्य के सभी 264 शहरी स्थानीय निकायों को इस साझा डिजिटल प्लेटफॉर्म से जोड़ा गया है। इससे नागरिकों को भवन निर्माण की अनुमति, विभिन्न प्रमाणपत्रों और अन्य शहरी सेवाओं के लिए ऑनलाइन आवेदन करने की सुविधा मिलेगी। साथ ही, आवेदन और शिकायतों के निपटारे की प्रक्रिया में पारदर्शिता और तेजी आने की उम्मीद है।
गर्दनीबाग में बनेगा अत्याधुनिक टेक पार्क
कार्यक्रम के दौरान नगर विकास एवं आवास विभाग और नेशनल बिल्डिंग्स कंस्ट्रक्शन कॉरपोरेशन लिमिटेड (एनबीसीसी) के बीच विभिन्न विकास परियोजनाओं को लेकर समझौता ज्ञापनों का आदान-प्रदान किया गया।

इसके तहत पटना में टीवी टावर के निकट बिहार राज्य आवास बोर्ड के सेक्टर-5 स्थित लगभग 8.5 एकड़ जमीन पर वित्तपोषित आवासीय परियोजना विकसित की जाएगी। वहीं, गर्दनीबाग में अत्याधुनिक टेक पार्क यानी आईटी हब के निर्माण के लिए सूचना प्रौद्योगिकी विभाग और एनबीसीसी के बीच समझौता हुआ है।
इसके अलावा, जल संसाधन विभाग के निरीक्षण भवनों को आधुनिक टावर के रूप में विकसित करने के लिए भी एनबीसीसी के साथ करार किया गया है।
तकनीक से शहरी सेवाओं में आएगी तेजी और पारदर्शिता : सीएम
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि यह दिन बिहार के शहरी विकास के इतिहास में महत्वपूर्ण है। यूपीयोग पोर्टल और एनबीसीसी के साथ हुए समझौते राज्य की आधारभूत संरचना को नया स्वरूप देने में मददगार साबित होंगे।
उन्होंने कहा कि तकनीक के प्रभावी उपयोग से नगर निकायों की कार्यप्रणाली बेहतर होगी और आम जनता को मिलने वाली सेवाओं में पारदर्शिता तथा गति आएगी। इन आधुनिक परियोजनाओं से राज्य में निवेश के नए अवसर पैदा होंगे और सरकार के राजस्व में भी वृद्धि होगी।
कार्यक्रम में कई वरिष्ठ मंत्री और अधिकारी रहे मौजूद
इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी, उपमुख्यमंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव, नगर विकास एवं आवास मंत्री नीतीश मिश्रा और मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से राज्यभर के महापौर, पार्षद और नगर आयुक्त भी कार्यक्रम से जुड़े।
यूपीयोग पोर्टल की शुरुआत को बिहार में शहरी प्रशासन के डिजिटलीकरण की दिशा में महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है। इसके जरिए नगर निकायों की सेवाओं को एक ही मंच पर उपलब्ध कराने और नागरिकों की सुविधाओं को बेहतर बनाने का लक्ष्य रखा गया है।






