रायबरेली, 09 सितंबर । कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने अपने दो दिवसीय रायबरेली प्रवास के दूसरे दिन बुधवार को भुएमऊ स्थित आवास पर जनता दरबार लगाया। सुबह से ही बड़ी संख्या में लोग अपनी समस्याएं और मांगें लेकर उनसे मिलने पहुंचे।
आम लोगों और संगठनों के प्रतिनिधियों से मुलाकात
जनता दरबार में कांग्रेस कार्यकर्ताओं के अलावा आम लोगों और विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधियों ने राहुल गांधी से मुलाकात की। लोगों ने उन्हें स्थानीय समस्याओं से अवगत कराया और उनके समाधान की मांग रखी।
महिला कांग्रेस की जिलाध्यक्ष लक्ष्मी सिन्हा ने राहुल गांधी से मुलाकात कर उन्हें राखी बांधी। उन्होंने कहा कि महिलाओं ने 2029 में राहुल गांधी को प्रधानमंत्री बनाने का संकल्प लिया है।
सपा नेता ने की चौराहे के नामकरण की मांग
सुल्तानपुर कांग्रेस के उपाध्यक्ष जनार्दन शुक्ल ने भी राहुल गांधी से मुलाकात की और संगठन को मजबूत करने का भरोसा दिलाया।
वहीं, समाजवादी पार्टी (सपा) नेता अखिलेश माही ने रायबरेली के सपा कार्यकर्ताओं की ओर से समर्थन जताया। उन्होंने कारगिल शहीद राजेंद्र यादव के नाम पर एक चौराहे का नामकरण करने की मांग की।
खस्ताहाल सड़कों का मुद्दा उठा
मनोवैज्ञानिक रूमा प्रवीण ने राहुल गांधी से मुलाकात कर रायबरेली की खस्ताहाल सड़कों का मुद्दा उठाया। उन्होंने शहर और क्षेत्र की सड़कों की स्थिति से उन्हें अवगत कराया।
ट्रांसपोर्ट नगर स्थापित करने की मांग
रायबरेली ट्रांसपोर्ट यूनियन के अध्यक्ष राममोहन श्रीवास्तव ने भी राहुल गांधी से मुलाकात की। उन्होंने रायबरेली में ट्रांसपोर्ट नगर स्थापित करने की मांग रखी।
सर्राफा कारोबारियों की समस्याएं सुनीं
जनता दरबार से पहले राहुल गांधी ने सर्राफा व्यापारियों से मुलाकात की और उनकी समस्याओं को सुना। व्यापारियों ने जीएसटी से जुड़े मुद्दों को उनके सामने रखा। राहुल गांधी ने इन मुद्दों को लोकसभा में उठाने का भरोसा दिया।
इसके अलावा कांग्रेस के स्थानीय नेताओं ने भी राहुल गांधी से मुलाकात कर संगठन से जुड़े विभिन्न विषयों पर चर्चा की।
सांसद निधि की योजनाओं का करेंगे शिलान्यास
राहुल गांधी से मिलने के लिए बड़ी संख्या में लोगों की भीड़ जुटी। अपने रायबरेली प्रवास के दौरान वह सांसद निधि से करीब तीन करोड़ रुपये की योजनाओं का शिलान्यास करेंगे। इसके साथ ही रायबरेली कलेक्ट्रेट में आयोजित जिला निगरानी एवं अनुश्रवण समिति (दिशा) की बैठक में भी शामिल होंगे।






