बिहार के शिवहर में एसवीयू की बड़ी कार्रवाई, डीडीसी ब्रजेश कुमार के घर-ऑफिस पर रेड

Share

पटना। बिहार में शिवहर जिले के उप-विकास आयुक्त ब्रजेश कुमार के पटना सहित शिवहर, बेतिया,पूर्वी चंपारण और सीतामढ़ी के कई ठिकानों पर मंगलवार सुबह विशेष निगरानी इकाई (एसवीयू) छापेमारी जारी है।

एसवीयू ने शिवहर में तैनात उप विकास आयुक्त-सह-मुख्य कार्यकारी पदाधिकारी बृजेश कुमार के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के आरोप में कांड संख्या-11/2026 दर्ज किया है। जांच एजेंसी के अनुसार, बृजेश कुमार ने अपनी सेवा अवधि के दौरान विभिन्न पदों पर रहते हुए और लोक सेवक के रूप में अपने पद का दुरुपयोग करते हुए करीब 1 करोड़ 84 लाख 32 हजार 900 रुपये की अवैध संपत्ति अर्जित की। यह संपत्ति उनके ज्ञात वैध आय स्रोतों से काफी अधिक पाई गई है।

मामले में आगे की कार्रवाई करते हुए विशेष न्यायाधीश, निगरानी, पटना द्वारा तलाशी वारंट जारी किया गया। इसके आधार पर निगरानी टीमों द्वारा आरोपी के कई ठिकानों पर एक साथ छापामारी शुरू की गई है। इनमें सरकारी कार्यालय के साथ-साथ आवासीय परिसरों को भी शामिल किया गया है।

बृजेश कुमार के सीतामढ़ी स्थित ससुराल में विशेष निगरानी इकाई (एसवीयू) की छापेमारी की गई। साथ ही उनके अन्य ठिकानों पर भी छापेमारी की जा रही है। उनके खिलाफ आय से अधिक संपत्ति के मामले में जांच की जा रही। स्पेशल टीम पटना से लेकर सीतामढ़ी तक उनके तमाम ठिकानों पर दस्तावेज खंगालने में जुटी हुई है।

टीम ने सीतामढ़ी के प्रतापनगर स्थित उनके ससुराल सहित पटना और शिवहर में भी दबिश दी। जिससे प्रशासनिक हलकों में हड़कंप मच गया। शिवहर जिला मुख्यालय स्थित डीडीसी बृजेश कुमार के सरकारी आवास और समाहरणालय स्थित कार्यालय में सघन जांच की जा रही है। दो घंटे से दोनों स्थानों पर जांच के दौरान टीम ने जेवरात और प्रॉपर्टी के कागजातों की जांच की। बताया जा रहा है कि आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के मामले में पटना से आई विशेष निगरानी इकाई ने शिवहर के अलावा पूर्वी चंपारण जिले के गोविंदगंज थाना क्षेत्र के जितवारपुर स्थित डीडीसी के आवास, सीतामढ़ी जिले के मेहसौल गुमटी स्थित ससुराल के आवास, पश्चिमी चंपारण जिले के बेतिया स्थित ठिकाने और पटना स्थित आवास पर रेड की है।

छापामारी के दौरान दस्तावेज, बैंक रिकॉर्ड, संपत्ति से जुड़े कागजात और इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की गहन जांच की जा रही है। अधिकारियों के अनुसार, तलाशी पूरी होने के बाद बरामदगी और संपत्तियों का विस्तृत आकलन किया जाएगा, जिससे अवैध संपत्ति के दायरे का और स्पष्ट पता चल सके।

निगरानी इकाई के अधिकारियों का कहना है कि जांच जारी है और आगे की कार्रवाई साक्ष्यों के आधार पर की जाएगी। जरूरत पड़ने पर अन्य संबंधित लोगों से भी पूछताछ की जा सकती है।

Share this article

Facebook
Twitter X
WhatsApp
Telegram
 
March 2026
M T W T F S S
 1
2345678
9101112131415
16171819202122
23242526272829
3031